
स्थान – देहरादून
ब्यूरो रिपोर्ट
रोड सेफ्टी मंथ 2026 के अवसर पर इस बार देहरादून में सड़क सुरक्षा के साथ-साथ वाहन प्रदूषण को भी एक अहम मुद्दे के रूप में शामिल किया गया है।


इसी क्रम में आरटीओ प्रवर्तन विभाग द्वारा विभिन्न जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं, ताकि आमजन को सुरक्षित और पर्यावरण-अनुकूल यातायात के प्रति सजग किया जा सके।

इस अभियान के तहत वाहन चालकों, ऑटोमोबाइल डीलर्स, प्रदूषण जांच केंद्रों और गैराज संचालकों के प्रतिनिधियों के साथ एक गोष्ठी का आयोजन किया गया।


गोष्ठी में वाहनों से होने वाले प्रदूषण को कम करने के उपायों पर विस्तार से चर्चा की गई और सभी हितधारकों से सहयोग की अपील की गई।

आरटीओ प्रवर्तन डॉ. अनीता चमोला ने बताया कि 16 जनवरी से 14 फरवरी तक चल रहे रोड सेफ्टी मंथ के दौरान अब तक मुख्य रूप से ट्रैफिक नियमों के पालन पर जोर दिया गया है, लेकिन बढ़ता वायु प्रदूषण भी एक गंभीर चुनौती है, जिसमें वाहनों से निकलने वाले उत्सर्जन की बड़ी भूमिका है।


उन्होंने कहा कि वाहन का सही रखरखाव, समय-समय पर सर्विसिंग, टायर प्रबंधन और संतुलित फ्यूल ऑयलिंग जैसी आदतें अपनाकर प्रदूषण को काफी हद तक कम किया जा सकता है। इसके साथ ही उन्होंने प्रदूषण जांच प्रमाणपत्र (पीयूसी) की नियमित जांच पर भी जोर दिया।

कार्यक्रम के दौरान ई-व्हीकल, बीएस-6 मानक वाले वाहनों और टू-व्हीलर्स को बढ़ावा देने पर भी चर्चा की गई। विभिन्न संगठनों के सहयोग से जागरूकता रैली निकाली गई, ताकि आम लोग स्वच्छ परिवहन और पर्यावरण संरक्षण के प्रति अधिक जागरूक हो सकें।

आरटीओ प्रवर्तन विभाग का कहना है कि इस तरह के कार्यक्रमों के माध्यम से सड़क सुरक्षा के साथ-साथ स्वच्छ पर्यावरण का संदेश जन-जन तक पहुंचाया जाएगा और भविष्य में भी ऐसे प्रयास लगातार जारी रहेंगे।

