

स्थान – देहरादून


देहरादून के परेड ग्राउंड में आयोजित अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) के 71वें राष्ट्रीय अधिवेशन का रविवार को सफल समापन हो गया। देशभर से हजारों की संख्या में आए प्रतिनिधियों की मौजूदगी में यह कार्यक्रम युवाओं के उत्साह और संगठनात्मक शक्ति का बड़ा प्रदर्शन साबित हुआ।



अधिवेशन के अंतिम सत्र में टिहरी गढ़वाल से BJP विधायक किशोर उपाध्याय भी शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने विद्यार्थी परिषद की भूमिका, इतिहास और समाज में उसके योगदान पर विस्तार से अपने विचार रखे।


विधायक उपाध्याय ने कहा कि ABVP वर्ष 1952 में स्थापना के बाद से ही देश में युवा नेतृत्व तैयार करने का महत्वपूर्ण काम कर रहा है। आज राष्ट्रीय और राज्य स्तर पर बड़ी संख्या में ऐसे लोग जिम्मेदार पदों पर हैं, जिन्होंने विद्यार्थी परिषद से संगठनात्मक सीख और कार्य का अनुभव प्राप्त किया।


उन्होंने कहा कि ABVP न केवल शैक्षणिक मुद्दों पर बल्कि राजनीतिक, सामाजिक, आर्थिक और अंतरराष्ट्रीय विषयों पर भी युवाओं को तैयार कर रहा है, जिससे देश की नई पीढ़ी अधिक जागरूक और जिम्मेदार बन रही है।

किशोर उपाध्याय ने देवभूमि की इस मिट्टी की विशेषता पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि देहरादून, जिसे द्रोणाचार्य की धरती भी कहा जाता है, शिक्षा, अनुशासन और नेतृत्व की परंपरा के लिए पूरे देश में जाना जाता है। ऐसे स्थान पर राष्ट्रीय अधिवेशन होना पूरे प्रदेश के लिए गौरव की बात है।


अधिवेशन के समापन के साथ ही ABVP ने आगामी वर्ष के लिए अपने कई महत्वपूर्ण संकल्प और कार्ययोजनाएँ भी घोषित कीं, जिनमें शिक्षा सुधार, छात्रहित और राष्ट्र निर्माण की दिशा में कार्य शामिल हैं।



