थत्यूड़ में सड़क निर्माण में देरी पर फूटा ग्रामीणों का गुस्सा, पीडब्ल्यूडी कार्यालय का घेराव

थत्यूड़ में सड़क निर्माण में देरी पर फूटा ग्रामीणों का गुस्सा, पीडब्ल्यूडी कार्यालय का घेराव

स्थान : धनोल्टी (टिहरी गढ़वाल)
ब्यरो रेपोर्ट

जौनपुर विकासखंड मुख्यालय थत्यूड़ में दुडगा-बंगशील मोटर मार्ग के सुधारीकरण और डामरीकरण कार्य में लगातार हो रही देरी को लेकर ग्रामीणों का आक्रोश बढ़ता जा रहा है। मंगलवार को अपर पालीगाड़ क्षेत्र के दर्जनों गांवों के ग्रामीणों ने लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) कार्यालय का घेराव कर जोरदार प्रदर्शन किया और सड़क निर्माण कार्य जल्द शुरू करने की मांग उठाई।

ग्रामीणों का कहना है कि इस सड़क के निर्माण और सुधारीकरण को स्वीकृति मिले डेढ़ वर्ष से अधिक समय बीत चुका है। विभाग द्वारा टेंडर प्रक्रिया भी पूरी कर ली गई है, लेकिन इसके बावजूद धरातल पर निर्माण कार्य शुरू नहीं हो पाया है, जिससे लोगों में भारी नाराजगी है।

दुडगा पुल से बंगशील तक का मोटर मार्ग वर्तमान में बदहाल स्थिति में पहुंच चुका है। सड़क पर जगह-जगह बड़े गड्ढे बने हुए हैं, जिससे वाहन चालकों और यात्रियों को रोजाना परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि इस मार्ग पर सफर करना अब जोखिम भरा हो गया है।

प्रदर्शन के दौरान लोगों ने विभागीय अधिकारियों पर लापरवाही बरतने का आरोप लगाया। उनका कहना था कि कई बार मांग और शिकायत करने के बावजूद केवल आश्वासन दिए गए, लेकिन सड़क की स्थिति में कोई सुधार नहीं हुआ। ग्रामीणों ने कहा कि खराब सड़क का सबसे अधिक असर स्कूली बच्चों, मरीजों और किसानों पर पड़ रहा है।

ग्राम प्रधान शांति प्रसाद गौड़ ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि जल्द निर्माण कार्य शुरू नहीं किया गया तो क्षेत्र की जनता वर्ष 2027 के विधानसभा चुनाव का बहिष्कार करने पर विचार करेगी। उन्होंने सड़क निर्माण में हुई देरी की जिम्मेदारी तय करने और संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग भी की।

वहीं, इस पूरे मामले पर लोक निर्माण विभाग थत्यूड़ के अधिशासी अभियंता राजेंद्र टम्टा ने ग्रामीणों को आश्वस्त किया कि अगले 15 दिनों के भीतर सड़क सुधारीकरण का कार्य शुरू कर दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि डामरीकरण का कार्य बरसात समाप्त होने के बाद कराया जाएगा, ताकि निर्माण कार्य गुणवत्तापूर्ण तरीके से पूरा हो सके।

फिलहाल ग्रामीण विभाग के इस आश्वासन पर नजर बनाए हुए हैं। अब देखना यह होगा कि इस बार विभाग का वादा जमीन पर उतरता है या फिर लोगों को एक बार फिर इंतजार और आश्वासनों का सामना करना पड़ता है। पूरे क्षेत्र की निगाहें अब लोक निर्माण विभाग की आगामी कार्रवाई पर टिकी हुई हैं।