नैनीताल में ‘ऑपरेशन क्रैक डाउन’ के तहत सघन सत्यापन अभियान

नैनीताल में ‘ऑपरेशन क्रैक डाउन’ के तहत सघन सत्यापन अभियान

स्थान – नैनीताल

ब्यूरो रिपोट

उत्तराखण्ड में आपराधिक गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण और कानून व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से पुलिस महानिदेशक के निर्देश पर राज्यभर में वृहद सत्यापन अभियान “ऑपरेशन क्रैक डाउन वेरिफिकेशन ड्राइव” चलाया जा रहा है। इस अभियान के तहत विभिन्न आश्रमों, होम स्टे, हॉस्टल, प्रतिष्ठानों और शैक्षणिक संस्थानों में रह रहे बाहरी एवं संदिग्ध व्यक्तियों की जांच की जा रही है।

अभियान का उद्देश्य ऐसे व्यक्तियों की पहचान करना है जो आपराधिक पृष्ठभूमि छिपाकर किरायेदार, श्रमिक या निजी नौकरी के नाम पर निवास कर रहे हैं। पुलिस संदिग्ध गतिविधियों में लिप्त लोगों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई कर रही है।

इसी क्रम में एसएसपी नैनीताल डॉ. मंजुनाथ टीसी द्वारा सभी थाना और चौकी प्रभारियों को विशेष टीमें गठित कर 15 फरवरी 2026 से एक माह तक सघन अभियान चलाने के निर्देश दिए गए हैं।

जनपद में बाहरी व्यक्तियों की आपराधिक गतिविधियों में संभावित संलिप्तता को देखते हुए एसपी नैनीताल डॉ. जगदीश चन्द्र तथा एसपी हल्द्वानी मनोज कुमार कत्याल के नेतृत्व में व्यापक चेकिंग अभियान संचालित किया जा रहा है।

आज चलाए गए अभियान के तहत नैनीताल पुलिस ने जनपद भर में 78 होटल और ढाबों की जांच की। इस दौरान 251 व्यक्तियों का सत्यापन किया गया।

सत्यापन के दौरान अनियमितता पाए जाने पर 63 लोगों के विरुद्ध पुलिस एक्ट के तहत चालानी कार्रवाई की गई। पुलिस ने कुल 26,750 रुपये का जुर्माना वसूला।

पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि ऑपरेशन क्रैक डाउन के तहत सत्यापन और चेकिंग की कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। आमजन से भी अपील की गई है कि वे अपने यहां किरायेदार या कर्मचारी रखने से पहले उनका अनिवार्य सत्यापन अवश्य कराएं।

नैनीताल पुलिस का कहना है कि कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी और जनपद में शांति एवं सुरक्षा सुनिश्चित की जाएगी।