वनाग्नि सीजन से पहले हरिद्वार में वन विभाग अलर्ट, मनसा देवी क्षेत्र पर विशेष फोकस

वनाग्नि सीजन से पहले हरिद्वार में वन विभाग अलर्ट, मनसा देवी क्षेत्र पर विशेष फोकस

स्थान : हरिद्वार
ब्यूरो रिपोर्ट

आगामी वनाग्नि सीजन को देखते हुए हरिद्वार में वन विभाग पहले से ही सक्रिय नजर आ रहा है। फरवरी से जून तक चलने वाले फॉरेस्ट फायर सीजन के दौरान हरिद्वार के मनसा देवी मंदिर के आसपास की पहाड़ियों में जंगल की आग की घटनाएं सबसे अधिक सामने आती हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए वन विभाग ने आग पर नियंत्रण के लिए विशेष तैयारी शुरू कर दी है।

जिलाधिकारी की अध्यक्षता में आयोजित वनाग्नि सुरक्षा समिति की बैठक में कई अहम निर्देश जारी किए गए। डीएम ने वन विभाग को निर्देश दिए कि मनसा देवी मंदिर से जुड़े लोगों को जंगल की आग से निपटने की विशेष ट्रेनिंग दी जाए, ताकि शुरुआती स्तर पर ही आग पर काबू पाया जा सके। साथ ही उन्हें आवश्यक अग्निशमन उपकरण भी उपलब्ध कराए जाएंगे।

इस समन्वय बैठक में स्वास्थ्य विभाग, आपदा प्रबंधन विभाग समेत विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। बैठक में वनाग्नि के दौरान संभावित जोखिमों, आपातकालीन व्यवस्थाओं और विभागीय समन्वय पर विस्तार से चर्चा की गई।

डीएफओ ने बैठक में जानकारी दी कि जंगल की आग पर प्रभावी नियंत्रण के लिए संवेदनशील क्षेत्रों में नियमित रूप से फायर ड्रिल कराई जा रही है। इसका उद्देश्य आपात स्थिति में त्वरित प्रतिक्रिया सुनिश्चित करना और नुकसान को न्यूनतम रखना है।

वन विभाग का कहना है कि समय रहते की गई यह तैयारी न केवल जंगलों को बचाने में मददगार साबित होगी, बल्कि श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों की सुरक्षा भी सुनिश्चित करेगी।