11 महीने बाद सुलझा लैब कर्मचारी हत्याकांड, होमगार्ड गिरफ्तार

11 महीने बाद सुलझा लैब कर्मचारी हत्याकांड, होमगार्ड गिरफ्तार

टॉप – हरिद्वार
रिपोर्ट – धर्मराज

हरिद्वार के रानीपुर कोतवाली क्षेत्र अंतर्गत ग्राम गढ़मीरपुर में 18 जनवरी को हुए सनसनीखेज लैब कर्मचारी हत्याकांड का पुलिस ने करीब 11 महीने बाद खुलासा कर दिया है। पुलिस ने इस अंधे हत्याकांड में आरोपी होमगार्ड अभिमन्यु को गिरफ्तार किया है, जिसने प्रेम प्रसंग के चलते युवक की गोली मारकर हत्या करने की बात कबूल की है।

रानीपुर कोतवाली में आयोजित प्रेस वार्ता में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक प्रमेंद्र सिंह डोबाल ने मामले का खुलासा करते हुए बताया कि बहादराबाद स्थित एक पैथोलॉजी लैब में कार्यरत 21 वर्षीय वसीम का शव 18 जनवरी को सड़क किनारे पड़ा मिला था। प्रारंभिक जांच में पुलिस ने इसे सड़क हादसा माना था, लेकिन सुपुर्द-ए-खाक से पहले शव को नहलाते समय कमर में संदिग्ध निशान मिलने पर परिजनों को शक हुआ।

इसके बाद कराए गए पोस्टमार्टम में वसीम की मौत गोली लगने से होने की पुष्टि हुई, जिसके आधार पर हत्या का मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की गई। एसएसपी ने बताया कि लंबे समय तक कोई ठोस सुराग न मिलने पर मामले की जांच एसपी सिटी के नेतृत्व में गठित विशेष टीम को सौंपी गई।

विशेष टीम ने पुराने साक्ष्यों की दोबारा गहन जांच की और कई संदिग्धों से पूछताछ की। इसी क्रम में सोमवार को पुलिस ने अभिमन्यु को हिरासत में लिया। पूछताछ के दौरान आरोपी ने स्वीकार किया कि उसका एक महिला होमगार्ड से प्रेम संबंध था और वसीम द्वारा उस महिला को परेशान किए जाने से वह नाराज था। इसी रंजिश के चलते उसने हत्या की साजिश रची और 18 जनवरी को लैब से घर लौट रहे वसीम को तमंचे से गोली मार दी।

पुलिस ने आरोपी के कब्जे से हत्या में प्रयुक्त तमंचा भी बरामद कर लिया है। जांच में यह भी स्पष्ट किया गया है कि महिला होमगार्ड की इस वारदात में कोई भूमिका नहीं पाई गई है।

पुलिस ने आरोपी को न्यायालय में पेश करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है और आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। इस खुलासे के बाद मृतक के परिजनों ने राहत की सांस ली है, वहीं पुलिस की लंबे समय बाद मिली सफलता को अहम माना जा रहा है।