इंटरलॉकिंग टाइलों पर बनी सीसी सड़क: निगम–ठेकेदार की मिलीभगत उजागर

इंटरलॉकिंग टाइलों पर बनी सीसी सड़क: निगम–ठेकेदार की मिलीभगत उजागर

स्थान – ऋषिकेश

ब्यूरो रिपोर्ट

ऋषिकेश नगर निगम और ठेकेदार की कथित मिलीभगत का मामला चंद्रेश्वर नगर गली नंबर–5 में सामने आया है, जहां नियमों को ताक पर रखकर इंटरलॉकिंग टाइलों के ऊपर ही सीसी सड़क बना दी गई। घटिया निर्माण का नतीजा यह रहा कि सड़क एक सप्ताह के भीतर ही क्षतिग्रस्त हो गई, लेकिन चार साल बीत जाने के बावजूद न तो पार्षदों ने सुध ली और न ही नगर निगम के जिम्मेदार अधिकारी हरकत में आए।

स्थानीय लोगों के अनुसार फरवरी 2023 में गली नंबर–5 में सड़क निर्माण कार्य कराया गया था। निर्माण के दौरान मोहल्ले के लोगों ने ठेकेदार से पहले से बिछी इंटरलॉकिंग टाइलें हटाकर मानकों के अनुसार निर्माण करने की मांग की थी, लेकिन ठेकेदार ने किसी की नहीं सुनी और टाइलों के ऊपर ही सीसी सड़क डाल दी।

स्थानीय निवासी सचिन गुप्ता ने बताया कि सड़क की गुणवत्ता इतनी खराब थी कि निर्माण के महज एक सप्ताह के भीतर ही सड़क टूटने लगी। इस संबंध में नगर निगम में शिकायत दर्ज कराई गई, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। मजबूर होकर 9 मार्च 2023 को मुख्यमंत्री हेल्पलाइन पर भी शिकायत की गई, जहां से भी नगर निगम अधिकारियों ने “बजट का अभाव” बताकर मामला ठंडे बस्ते में डाल दिया।

वर्तमान हालात यह हैं कि क्षतिग्रस्त सड़क के नीचे से इंटरलॉकिंग टाइलें साफ दिखाई दे रही हैं, जिससे निर्माण में की गई भारी अनियमितता और लापरवाही उजागर हो रही है। बरसात के मौसम में सड़क से उखड़ी बजरी पानी के साथ बहकर नालियों में चली जाती है, जिससे नालियां चोक हो जाती हैं और जलभराव की समस्या पैदा हो रही है।

सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि पिछले चार वर्षों में नगर निगम का कोई भी जिम्मेदार अधिकारी मौके पर निरीक्षण के लिए नहीं पहुंचा। न ठेकेदार के खिलाफ कोई कार्रवाई की गई और न ही सड़क की मरम्मत कराई गई। हाल ही में दोबारा शिकायत करने पर भी नगर निगम की ओर से वही पुराना जवाब दिया गया—“बजट नहीं है”।

स्थानीय लोगों ने मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषी अधिकारियों और ठेकेदार के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है, ताकि भविष्य में इस तरह की लापरवाही दोबारा न हो।