

स्थान: रामनगर, उत्तराखंड
संवाददाता: सलीम अहमद साहिल

बहुउद्देश्यीय मालधन चौड़ किसान सेवा सहकारी समिति के 11 वार्डों में 19 नवंबर को चुनाव सम्पन्न होने के बाद आज समिति के चेयरमैन चयन का अगला चरण निर्धारित था। लेकिन चेयरमैन चुनाव में उस समय बड़ा मोड़ आ गया जब भाजपा के पूर्व दर्जा राज्य मंत्री हरीश दफौटी ने अचानक चेयरमैन पद के लिए अपनी दावेदारी पेश कर दी।




जैसे ही हरीश दफौटी ने ताल ठोकी, राजनीतिक गलियारों में हलचल मच गई। कई नेताओं की पूर्व तैयार की गई रणनीतियाँ धरी की धरी रह गईं। बताया जा रहा है कि भरसक प्रयासों और कई प्रकार की जुगत लगाने के बावजूद एक प्रत्याशी ने नामांकन तो किया, लेकिन आवश्यक समर्थन यानी जादुई आंकड़े से दूर रहने के कारण चुनाव लड़ने का साहस न जुटा सके और अंततः अपना नामांकन वापस ले लिया।

इसके बाद हरीश दफौटी का रास्ता साफ हो गया और वे निर्विरोध किसान सेवा सहकारी समिति, मालधनचौड़ के चेयरमैन चुन लिए गए। किसानों द्वारा चुने गए निदेशकों ने एकजुट होकर उन पर अपना भरोसा जताया और समिति की बागडोर उन्हें सौंप दी।





चेयरमैन पद पर निर्वाचित होने के बाद हरीश दफौटी ने कहा कि वे किसानों के हितों के लिए पूरी निष्ठा और प्रतिबद्धता के साथ काम करेंगे। उन्होंने विशेष रूप से किसानों को उपलब्ध होने वाली खाद को लेकर आश्वासन दिया कि
“किसानों को अब खाद की कोई दिक्कत नहीं आने दी जाएगी।”
उनके निर्विरोध चुने जाने को ग्रामीण क्षेत्र में किसानों के विश्वास और समर्थन की बड़ी मुहर माना जा रहा है, जबकि राजनीतिक हलकों में इसे एक बड़ा उलटफेर करार दिया जा रहा है।




