राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का दो दिवसीय नैनीताल दौरा, राजभवन के 125 वर्ष पूरे होने पर होंगी विशेष अतिथि

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का दो दिवसीय नैनीताल दौरा, राजभवन के 125 वर्ष पूरे होने पर होंगी विशेष अतिथि

स्थान नैनीताल
रिपोर्ट। ललित जोशी।

सरोवर नगरी नैनीताल और आसपास के क्षेत्रों में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू 3 और 4 नवंबर को दो दिवसीय दौरे पर पहुंचने वाली हैं। अपर जिलाधिकारी नैनीताल शैलेंद्र सिंह नेगी ने बताया कि राष्ट्रपति का यह दौरा राजभवन नैनीताल की स्थापना के 125 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में आयोजित कार्यक्रम के साथ-साथ धार्मिक और शैक्षणिक कार्यक्रमों से भी जुड़ा रहेगा।

जानकारी के अनुसार, राष्ट्रपति मुर्मू 3 नवंबर को अपराह्न 3:05 बजे देहरादून के जीटीसी हेलीपैड से प्रस्थान करेंगी और 4:10 बजे हल्द्वानी स्थित आर्मी हेलीपैड पहुंचेंगी। इसके बाद वह कार द्वारा राजभवन नैनीताल के लिए रवाना होंगी। शाम को राष्ट्रपति राजभवन नैनीताल के 125वें स्थापना वर्ष के अवसर पर आयोजित विशेष समारोह में भाग लेंगी और वहीं रात्रि विश्राम करेंगी।

अगले दिन 4 नवंबर की सुबह राष्ट्रपति राजभवन के मुख्य द्वार का शिलान्यास करेंगी। इसके बाद वह नीम करोली बाबा आश्रम, कैंची धाम जाएंगी, जहां वह पूर्वाह्न 10:05 से 10:35 बजे तक पूजा-अर्चना और दर्शन करेंगी।

कैंची धाम से लौटकर राष्ट्रपति पूर्वाह्न 11:15 बजे कुमाऊं विश्वविद्यालय नैनीताल पहुंचेंगी, जहां वह विश्वविद्यालय के 20वें दीक्षांत समारोह (कन्वोकेशन) में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगी। इस दौरान वह विद्यार्थियों को संबोधित करेंगी और मेधावी छात्रों को सम्मानित करेंगी।

कार्यक्रम के उपरांत राष्ट्रपति अपराह्न 12:15 बजे राजभवन लौटेंगी और दोपहर 2:30 बजे नैनीताल से प्रस्थान कर 3:50 बजे हल्द्वानी आर्मी हेलीपैड पहुंचेंगी। इसके बाद वह अपराह्न 4:00 बजे हल्द्वानी से बरेली हवाई अड्डे के लिए रवाना होंगी।

जिले में राष्ट्रपति के आगमन को लेकर प्रशासन ने सुरक्षा और व्यवस्था के विशेष इंतज़ाम किए हैं। पुलिस, एसपीजी और प्रशासनिक अधिकारियों की टीमों ने राजभवन, कैंची धाम और कुमाऊं विश्वविद्यालय परिसर का निरीक्षण कर तैयारियों को अंतिम रूप दिया है।