खटीमा में न्याय की मांग को लेकर कैंडल मार्च, ‘नन्ही परी कशिश’ को न्याय दिलाने की उठी आवाज

खटीमा में न्याय की मांग को लेकर कैंडल मार्च, ‘नन्ही परी कशिश’ को न्याय दिलाने की उठी आवाज

स्थान – खटीमा ऊधम सिंह नगर
रिपोर्ट – अशोक सरकार

उत्तराखंड की नन्ही बेटी कशिश को न्याय दिलाने के लिए खटीमा की तीन प्रमुख कॉलोनियों — त्तिदेव कॉलोनी, संजय कॉलोनी और वृंदावन कॉलोनी — की मातृशक्ति एवं युवाओं ने मिलकर एक कैंडल मार्च निकाला। यह शांतिपूर्ण मार्च एल केमिस्ट रोड, मेहरा जनरल स्टोर से शुरू होकर मुख्य चौराहे तक निकाला गया, जिसमें बड़ी संख्या में महिलाओं, युवाओं और बच्चों ने हिस्सा लिया।

मार्च में स्थानीय प्रशासन और पुलिसकर्मियों का सहयोग भी उल्लेखनीय रहा, जिससे आयोजन शांतिपूर्ण और सुव्यवस्थित ढंग से संपन्न हुआ।

मीडिया से बातचीत करते हुए सामाजिक कार्यकर्ता पी.सी. रजवार और रेखा मेहरा ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से अपील की कि कशिश के मामले को सुप्रीम कोर्ट में पुनः खोला जाए और अपराधी को फांसी की सजा दिलाई जाए। उनका कहना था कि जब तक कशिश के दोषियों को सख्त सजा नहीं दी जाती, तब तक आंदोलन जारी रहेगा।

रेखा मेहरा ने कहा, “यह केवल कशिश का मामला नहीं है, बल्कि हर बेटी की सुरक्षा से जुड़ा सवाल है। यदि आज दोषियों को कड़ी सजा नहीं दी गई, तो कल कोई और कशिश इस वहशियत की शिकार हो सकती है।”

जनता का यह आक्रोश स्पष्ट करता है कि न्याय के लिए जनआंदोलन थमने वाला नहीं है। लोगों की मांग है कि इस जघन्य अपराध में लिप्त दोषियों को शीघ्रता से कानून के तहत कड़ी सजा दी जाए, ताकि भविष्य में ऐसे अपराधों की पुनरावृत्ति रोकी जा सके।