पुण्यतिथि पर याद किया पहाड़ के गांधी को

पुण्यतिथि पर याद किया पहाड़ के गांधी को

मसूरी उत्तराखंड

रिपोर्टर धर्मेंद्र सिंह

त्तराखंड राज्य निर्माण में अहम भूमिका निभाने वाले इंद्रमणि बडोनी की पुण्यतिथि पर आज माल रोड स्थित उनकी मूर्ति पर राज्य आंदोलनकारी और शहर के विभिन्न राजनीतिक और सामाजिक संगठनों के लोगों ने उनको श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए राज्य आंदोलन के दौरान किए गए उनके अहम योगदान को याद किया गया


इंद्रमणि बडोनी को पहाड़ के गांधी के नाम से भी जाना जाता है उन्होंने उत्तराखंड राज्य निर्माण के दौरान उत्तराखंड क्रांति दल का गठन किया और राज्य निर्माण को लेकर लड़ाई लड़ी राज्य गठन से एक वर्ष पूर्व उनकी मृत्यु हो गई लेकिन उनके बताए मार्गों पर आगे बढ़ते हुए उत्तराखंड राज्य की गठन करने की मांग को लेकर आंदोलन जारी रहा और आज उन्हीं की बदौलत है

कि अलग उत्तराखंड राज्य बना इस दौरान स्वर्गीय इंद्रमणि बडोनी ने अनेक यातनाएं सही और जेल गए उन्होंने राज्य निर्माण को लेकर गांव गांव और शहर शहर जाकर उत्तराखंड के लोगों को अलग राज्य की मांग को लेकर एकत्रित किया और उग्र आंदोलन किये उन्होंने उत्तराखंड के निवासियों को एकजुट कर सरकार को अलग पृथक राज्य बनाने के लिए विवश कर दिया और 9 नवंबर 2000 को उत्तराखंड राज्य अस्तित्व में आया


पूर्व विधायक जोत सिंह गुनसोला ने कहा कि आज उनके सपने को पूरा करने के लिए लामबद्ध होना पड़ेगा उन्होंने पहाड़ का पानी पहाड़ की जवानी को लेकर अलग उत्तराखंड राज्य का सपना देखा था


इस मौके पर राज्य आंदोलनकारी प्रदीप भंडारी ने कहा कि इंद्रमणि बडोनी उत्तराखंड राज्य निर्माण में अहम योगदान निभाने वाले प्रमुख राज्य आंदोलनकारी रहे लेकिन आज उनके मूर्ति पर सिलापट्टी भी नहीं है जो दुर्भाग्यपूर्ण है