

स्थान : हरिद्वार
ब्यूरो रिपोर्ट


प्रदेश के ग्राम्य विकास मंत्री भरत सिंह चौधरी ने हरिद्वार पहुंचकर विकास भवन में विभिन्न विभागों की योजनाओं और विकास कार्यों की समीक्षा की। बैठक में उन्होंने अधिकारियों को जनहित की योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने के लिए संवेदनशीलता और आपसी समन्वय के साथ कार्य करने के निर्देश दिए।


समीक्षा बैठक के दौरान मंत्री ने ग्राम्य विकास, मनरेगा, कृषि, पशुपालन और अन्य विभागों की प्रगति का विस्तृत आकलन किया। उन्होंने योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन और समयबद्ध कार्यों पर विशेष ध्यान देने को कहा।



कैबिनेट मंत्री ने अधिकारियों से कहा कि सरकार की प्राथमिकता ग्रामीण क्षेत्रों का समग्र विकास और लोगों के जीवन स्तर में सुधार लाना है। इसके लिए सभी विभागों को बेहतर तालमेल के साथ कार्य करना होगा।


बैठक में महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण पर विशेष चर्चा हुई। मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि लखपति दीदी योजना का शत-प्रतिशत लक्ष्य हासिल किया जाए और अधिक से अधिक महिलाओं को इस योजना से लाभान्वित किया जाए।

उन्होंने कहा कि स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं को स्वरोजगार के बेहतर अवसर उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है। इसके लिए प्रशिक्षण और वित्तीय सहायता की योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू किया जाए।


मंत्री ने ‘क्लाउड किचन योजना’ को महिलाओं की आत्मनिर्भरता की दिशा में महत्वपूर्ण पहल बताते हुए कहा कि अधिक से अधिक महिलाओं को इस योजना से जोड़ा जाए। इससे महिलाओं को घर के निकट रोजगार और आय के अवसर प्राप्त होंगे।


उन्होंने अधिकारियों को योजनाओं की नियमित निगरानी करने तथा पात्र लाभार्थियों तक उनका लाभ सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही योजनाओं के प्रचार-प्रसार पर भी जोर दिया, ताकि अधिक से अधिक लोग सरकारी सुविधाओं का लाभ उठा सकें।
बैठक के अंत में मंत्री ने कहा कि सरकार ग्रामीण विकास, महिला सशक्तिकरण और रोजगार सृजन के लिए प्रतिबद्ध है। सभी अधिकारियों को पूरी जिम्मेदारी और पारदर्शिता के साथ कार्य करते हुए विकास योजनाओं को धरातल पर उतारना होगा।

