

लोकेशन -: हरिद्वार
ब्यूरो रिपोर्ट


अधिकमास की पावन सोमवती अमावस्या के अवसर पर धर्मनगरी हरिद्वार में श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ पड़ा। सोमवार तड़के भोर से ही हर की पैड़ी और विभिन्न गंगा घाटों पर स्नान के लिए श्रद्धालुओं की लंबी कतारें देखने को मिलीं। देश के कोने-कोने से पहुंचे श्रद्धालु मां गंगा में आस्था की डुबकी लगाकर पुण्य, सुख-समृद्धि और मोक्ष की कामना कर रहे हैं।


धार्मिक मान्यताओं के अनुसार अधिकमास में पड़ने वाली सोमवती अमावस्या का विशेष महत्व माना जाता है। कहा जाता है कि इस दिन गंगा स्नान, पूजा-पाठ, दान-पुण्य और पितरों के निमित्त किए गए धार्मिक कार्यों से विशेष फल की प्राप्ति होती है। मान्यता है कि इस अवसर पर गंगा स्नान करने से व्यक्ति के सभी कष्ट दूर होते हैं, मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं तथा सैकड़ों अश्वमेध यज्ञ के समान पुण्य प्राप्त होता है।



हर की पैड़ी पहुंचे श्रद्धालुओं का कहना है कि सोमवती अमावस्या पर गंगा स्नान करने से परिवार में सुख, शांति और समृद्धि आती है। साथ ही पितरों की आत्मा को तृप्ति मिलती है और जीवन में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है। इसी आस्था के चलते बड़ी संख्या में श्रद्धालु हरिद्वार पहुंचे हैं।

श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन ने सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए हैं। स्नान पर्व को सकुशल संपन्न कराने के लिए पूरे मेला क्षेत्र को 6 सुपर जोन, 16 जोन और 46 सेक्टरों में विभाजित किया गया है। प्रत्येक क्षेत्र में अधिकारियों, पुलिसकर्मियों और सुरक्षा बलों की तैनाती की गई है ताकि किसी भी प्रकार की अव्यवस्था न होने पाए।

इसके अलावा जल पुलिस, आपदा राहत दल और अन्य सुरक्षा एजेंसियां भी लगातार निगरानी कर रही हैं। भीड़ प्रबंधन और यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के लिए विशेष ट्रैफिक प्लान लागू किया गया है, जिससे श्रद्धालुओं को आवागमन में सुविधा मिल सके।


प्रशासन का कहना है कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता है। लगातार बढ़ती भीड़ के बावजूद सभी व्यवस्थाएं सुचारू रूप से संचालित की जा रही हैं और स्नान पर्व शांतिपूर्ण वातावरण में संपन्न कराया जा रहा है।



अधिकमास की सोमवती अमावस्या पर हरिद्वार में उमड़ी यह विशाल भीड़ एक बार फिर सनातन आस्था और गंगा के प्रति लोगों की गहरी श्रद्धा का प्रमाण बनकर सामने आई है।

