

स्थान : हरिद्वार
ब्यूरो रिपोर्ट

हरिद्वार रेलवे स्टेशन के महिला शौचालय में साढ़े चार साल की मासूम बच्ची को बंद करने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। घटना के बाद स्टेशन परिसर में हड़कंप मच गया और लोगों में भय का माहौल बन गया।


बताया जा रहा है कि आरोपी ने गलत इरादे से इस वारदात को अंजाम देने की कोशिश की। घटना के दौरान बच्ची के परिजनों को जब संदेह हुआ तो उन्होंने शोर मचाया, जिसके बाद मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई।


परिजनों और स्थानीय लोगों की मदद से शौचालय का दरवाजा तोड़कर बच्ची को सुरक्षित बाहर निकाला गया। गनीमत रही कि समय रहते बच्ची को बचा लिया गया और किसी बड़ी अनहोनी से बचाव हो गया।

घटना के बाद आरोपी मौके से भीड़ का फायदा उठाकर फरार हो गया, लेकिन जीआरपी हरिद्वार ने तत्परता दिखाते हुए महज 14 घंटे के भीतर आरोपी यश यादव को गिरफ्तार कर लिया।
पूरे मामले में कार्रवाई अरुणा भारती के नेतृत्व में की गई। पुलिस की त्वरित कार्रवाई और पेशेवर रवैये की सराहना की जा रही है।

पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की गंभीर धाराओं के साथ पॉक्सो एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया है। साथ ही फॉरेंसिक टीम ने मौके से साक्ष्य जुटाए हैं और आरोपी का मेडिकल परीक्षण भी कराया गया है।

प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपी घुमंतू प्रवृत्ति का है और गलत इरादे से हरिद्वार आया था। पुलिस अब उसके आपराधिक इतिहास की भी जांच कर रही है, ताकि इस तरह की घटनाओं को भविष्य में रोका जा सके।

