
स्थान – रूड़की
ब्यूरो रिपोर्ट

भगवानपुर औद्योगिक क्षेत्र स्थित श्रेया लाइफ साइंसेज में एक महीने के अंतराल के बाद फिर से लेबर हंगामा सामने आया। श्रमिकों ने कंपनी प्रबंधन पर गंभीर आरोप लगाते हुए भगवानपुर पुलिस की शरण में न्याय की गुहार लगाई।


दरअसल, श्रमिकों का आरोप है कि कंपनी ने सरकार द्वारा तय न्यूनतम वेतन का पालन नहीं किया और उन्हें निर्धारित मजदूरी के बजाय कम वेतन दिया गया। इससे नाराज होकर श्रमिकों ने पिछले महीने 6 फरवरी को कार्यबहिष्कार और धरना प्रदर्शन किया था।


पिछले हंगामे के बाद पुलिस के हस्तक्षेप से मामला कुछ हद तक शांत हुआ था। लेकिन श्रमिकों का कहना है कि कंपनी प्रबंधन ने अब भी सरकारी तय मजदूरी का भुगतान नहीं किया और वेतन में भारी कमी बरकरार है।


महिला श्रमिकों ने कंपनी प्रबंधन पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि उन्हें दिन में दो बार से अधिक शौचालय जाने की अनुमति नहीं दी जाती। इसके अलावा ठेकेदार उन्हें शराब पीने के लिए मजबूर करता है, जिससे माहौल और असुरक्षित हो गया है।
श्रमिकों ने अपनी शिकायत लेकर भगवानपुर पुलिस के पास तहरीर दी और मांग की कि कंपनी प्रबंधन के खिलाफ कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि न्याय मिलने तक उनका संघर्ष जारी रहेगा।
पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू कर दी है। अधिकारीयों ने बताया कि शिकायत का अध्ययन किया जा रहा है और आवश्यक कानूनी कदम उठाए जाएंगे।

स्थानीय श्रमिक नेताओं का कहना है कि यह मामला सिर्फ वेतन विवाद नहीं है, बल्कि श्रमिकों की सुरक्षा और मानवीय अधिकारों का प्रश्न भी है। आने वाले दिनों में इस मामले की राजनीतिक और सामाजिक सुर्खियाँ बन सकती हैं।

