
स्थान : पौड़ी
ब्यूरो रिपोर्ट
राहु मंदिर के सौंदर्यीकरण एवं विकास कार्यों के शुभारंभ अवसर पर राजनीति और धर्म का अनोखा संगम देखने को मिला। कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश सरकार के दर्जाधारी मंत्री एवं प्रमुख संत नृसिंह पीठाधीश्वर स्वामी रसिक महाराज की मौजूदगी ने इस आयोजन को खास बना दिया। इसी दौरान उनके एक बयान ने उत्तराखंड की राजनीति में नई हलचल पैदा कर दी।


पत्रकारों से बातचीत में स्वामी रसिक महाराज ने उत्तराखंड के स्वास्थ्य मंत्री डॉ. धन सिंह रावत को मुख्यमंत्री बनाए जाने की संभावनाओं पर खुलकर चर्चा की। उन्होंने कहा कि डॉ. धन सिंह रावत को मुख्यमंत्री बनाए जाने की खुशखबरी कभी भी जनता को मिल सकती है और उनका नाम मुख्यमंत्री की दौड़ में लगातार आगे चल रहा है।


स्वामी रसिक महाराज ने कहा कि श्रीनगर विधानसभा क्षेत्र में आज भी डॉ. धन सिंह रावत की स्थिति बेहद मजबूत है और करीब 25 हजार वोटों की बढ़त के साथ जनता का भरोसा उनके साथ बना हुआ है। विधानसभा चुनाव में गणेश गोदियाल के साथ संभावित मुकाबले पर पूछे गए सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि वे किसी की पृष्ठभूमि पर टिप्पणी नहीं करना चाहते, लेकिन विकास के पैमाने पर डॉ. धन सिंह रावत काफी आगे हैं। जनता विकास को देखकर ही मतदान करती है और इन्हीं कार्यों के दम पर डॉ. रावत एक बार फिर जीत दर्ज करेंगे।

उन्होंने यह भी कहा कि वर्तमान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की तुलना में भी डॉ. धन सिंह रावत मुख्यमंत्री पद की दौड़ में आगे हैं। जब उनसे पूछा गया कि क्या डॉ. रावत 2027 में मुख्यमंत्री बनेंगे या उससे पहले, तो स्वामी रसिक महाराज ने दो टूक कहा कि आज भी वे सीएम की रेस में सबसे आगे हैं।

अपने बयान से भाजपा के भीतर संभावित उथल-पुथल और नाराजगी को लेकर स्वामी रसिक महाराज ने बेबाक अंदाज में कहा कि यदि उनके बयान से कोई नाराज होता है तो उन्हें इससे कोई फर्क नहीं पड़ता, क्योंकि उन्होंने वही कहा है जो सच्चाई और जनता की भावना है।

कार्यक्रम के दौरान स्वामी रसिक महाराज ने मंच से स्वास्थ्य मंत्री डॉ. धन सिंह रावत की जमकर प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि मठ-मंदिरों के विकास और धार्मिक स्थलों के संरक्षण में डॉ. रावत की भूमिका सराहनीय रही है। उन्होंने जनता के समक्ष स्वास्थ्य मंत्री की पीठ थपथपाते हुए उनके कार्यों की खुलकर तारीफ की।


