विद्यालय प्रबंधन समिति के तीन दिवसीय प्रशिक्षण का बीपीओ/खण्ड शिक्षा अधिकारी ने किया औचक निरीक्षण

विद्यालय प्रबंधन समिति के तीन दिवसीय प्रशिक्षण का बीपीओ/खण्ड शिक्षा अधिकारी ने किया औचक निरीक्षण

बालिका शिक्षा, विद्यालय संसाधन एवं सामाजिक सहभागिता पर दिया विशेष जोर

हल्द्वानी। न्याय पंचायत संसाधन केंद्र लाखनमंडी के अंतर्गत 16 प्राथमिक, जूनियर, हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट विद्यालयों की विद्यालय प्रबंधन समिति (SMC) के सदस्यों के लिए आयोजित तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का आज शुभारंभ हुआ। प्रशिक्षण राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय लाखनमंडी में आयोजित किया गया।

प्रशिक्षण के प्रथम दिवस ब्लॉक परियोजना अधिकारी/खंड शिक्षा अधिकारी श्री तारा सिंह ने औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने उपस्थित SMC सदस्यों को संबोधित करते हुए बालिका शिक्षा को बढ़ावा देने, विद्यालय में शैक्षिक व भौतिक संसाधनों के विकास में समिति की सक्रिय भूमिका सुनिश्चित करने तथा समाज में विद्यालय के प्रति जिम्मेदारी व अपनत्व का भाव बनाए रखने पर विशेष निर्देश दिए।

बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ के तहत दिलाई शपथ

खंड शिक्षा अधिकारी ने प्रशिक्षणार्थियों को बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान के अंतर्गत कई सामाजिक संकल्पों की शपथ दिलाई, जिनमें प्रमुख थे—
● बेटियों के साथ किसी भी प्रकार का भेदभाव न करना
● बालक/बालिका को समान शिक्षा के लिए प्रेरित करना
● महिलाओं व बालिकाओं के उत्पीड़न के विरुद्ध आवाज उठाना
● दहेज प्रथा, कन्या भ्रूण हत्या जैसी कुप्रथाओं को रोकने के लिए जागरूकता फैलाना
● 18 वर्ष से कम आयु की बालिकाओं की शादी/निकाह रोकना
● प्रदेश और राष्ट्र के विकास में सक्रिय योगदान देना

प्रशिक्षण के प्रथम दिवस शामिल रहे मुख्य विषय

पहले दिन SMC सदस्यों को निम्न विषयों पर विस्तार से प्रशिक्षण दिया गया—

  • समग्र शिक्षा अभियान का उद्देश्य व परिचय
  • विद्यालय प्रबंधन समिति का गठन
  • शिक्षा का अधिकार अधिनियम 2009 के प्रमुख प्रावधान
  • बाल अधिकार व बाल संरक्षण
  • सामुदायिक सहभागिता का महत्व
  • सामाजिक सम्परीक्षा और उसका क्रियान्वयन
  • विद्यालय का अनुश्रवण व स्थानीय प्राधिकार की जिम्मेदारियाँ
  • स्कूल मैपिंग, बाल गणना एवं नामांकन
  • विद्यालय में ठहराव बढ़ाने के उपाय
  • पीएम पोषण योजना में SMC की भूमिका

मास्टर ट्रेनर एवं अधिकारियों की उपस्थिति

प्रशिक्षण के लिए डिकर सिंह पड़ीआर और हिमांशु रौतेला मास्टर ट्रेनर के रूप में उपस्थित रहे।

श्रीमती शोभा पंत, प्रवक्ता, राजकीय बालिका इंटर कॉलेज चोरगलिया, नोडल अधिकारी के रूप में प्रशिक्षण में उपस्थित रहीं। उन्होंने कहा कि “यदि बालिका शिक्षित होगी तो पूरा घर शिक्षित होगा।” उन्होंने सभी अभिभावकों को बालिकाओं को विद्यालय भेजने के लिए प्रेरित करने पर जोर दिया।

इन सदस्यों ने दर्ज की सक्रिय उपस्थिति

निर्मला रूवाली, उमा कार्की, गिरीश चंद्र पांडे, अनुराधा सक्सेना, शशि मर्तोलिया, गीता जन्तवाल, संगीता कोरंगा, सविता देवी, पूरनलाल कनौजिया, सपना महतोलिया, शोभा शर्मा, तनुजा मेलकानी सहित विभिन्न विद्यालयों की SMC अध्यक्ष और सदस्य प्रशिक्षण में शामिल हुए। तीन दिवसीय प्रशिक्षण 28 व 29 नवंबर 2025 को भी जारी रहेगा।