

स्थान – खटीमा, ऊधम सिंह नगर, उत्तराखंड

रिपोर्ट – अशोक सरकार

उधम सिंह नगर के खटीमा क्षेत्र में धान खरीद को लेकर किसानों की परेशानी बढ़ती जा रही है। किसानों का कहना है कि गांव में लगे धान के कांटों पर बारदाने की कमी के चलते खरीद कार्य प्रभावित हो रहा है। किसानों का आरोप है कि जब वे अपनी उपज लेकर पहुंचते हैं तो कर्मचारियों की ओर से कहा जाता है कि “बारदाना नहीं है”, जिसके कारण उनकी धान की तौल नहीं हो पा रही।



गांव के धान कांटों पर अब तक 3000 कुंतल से अधिक धान की तौल हो चुकी है, लेकिन किसान सवाल उठा रहे हैं कि जब बारदाना नहीं है तो यह धान आखिर कहां से और कैसे आया।

इस बीच एसएमआई के सी. आर्य ने बताया कि मंडी क्षेत्र में कुल 6 क्रय केंद्रों पर किसानों के लिए सभी सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं। अब तक 20 हजार कुंतल धान की तौल हो चुकी है और प्रतिदिन औसतन 100 कुंतल धान की खरीद की जा रही है। उन्होंने दावा किया कि किसानों को किसी तरह की परेशानी नहीं होने दी जाएगी।



वहीं, भारतीय किसान यूनियन (भाकियू) के नेता मनजिंदर सिंह भुल्लर और जिला अध्यक्ष ने मंडी पहुंचकर किसानों की समस्याओं को उठाया और कर्मचारियों से बात कर विरोध दर्ज कराया। उनका कहना है कि किसानों के साथ अन्याय हो रहा है और प्रशासन को तुरंत कार्रवाई करनी चाहिए।

केंद्र अधिकारियों के अनुसार अब तक 3400 कुंतल धान की तौल की जा चुकी है। हालांकि, किसानों ने सवाल उठाया कि जब लेबर की कमी है तो इतनी बड़ी मात्रा में तौल कैसे हो गई। इस पर अधिकारियों ने कहा कि वे सभी शिकायतों की जांच कराएंगे और किसानों को किसी तरह की परेशानी नहीं होने देंगे।



किसानों ने यह भी मांग की है कि हर क्रय केंद्र पर फ्लेक्स बैनर लगाए जाएं, जिन पर शिकायत टोल फ्री नंबर और संबंधित अधिकारियों के संपर्क नंबर स्पष्ट रूप से लिखे हों, ताकि किसी भी गड़बड़ी की जानकारी सीधे उच्चाधिकारियों तक पहुंच सके।



