

टॉप : हल्द्वानी

रिपोर्ट : ऋषि कपूर


देशभर में आज से गणेश महोत्सव की धूम है। श्रद्धालु भगवान गणेश की स्थापना कर भक्ति भाव से पूजा अर्चना कर रहे हैं। वहीं दूसरी ओर हल्द्वानी में विसर्जन नीति को लेकर विवाद खड़ा हो गया है।


स्थानीय सामाजिक संगठन ‘पहाड़ी आर्मी’ ने आज हल्ला बोल आंदोलन करते हुए मुंबई की तर्ज पर लागू की जा रही विसर्जन व्यवस्था का कड़ा विरोध किया है। संगठन का कहना है कि उत्तराखंड की नदियां और झीलें बेहद संवेदनशील हैं, और यहां मुंबई जैसे नियम लागू करना गलत है।


विसर्जन से पर्यावरण पर खतरा
‘पहाड़ी आर्मी’ के सदस्यों ने हल्द्वानी एसडीएम के माध्यम से मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को ज्ञापन सौंपा, जिसमें उन्होंने लिखा है:
“हम परंपरा का सम्मान करते हैं और गणेश महोत्सव पूरे श्रद्धा व धूमधाम से मनाया जाएगा, लेकिन विसर्जन से जुड़ी जो नीति मुंबई में अपनाई जाती है, उसे उत्तराखंड जैसे संवेदनशील पारिस्थितिकी तंत्र वाले राज्य में लागू नहीं किया जा सकता।”

परंपरा बनाम पर्यावरण
संगठन ने यह भी स्पष्ट किया कि वे विसर्जन के खिलाफ नहीं, बल्कि अनुचित नीतियों और लागू की गई व्यवस्था के खिलाफ हैं। उनका मानना है कि यदि विसर्जन पर्यावरण को नुकसान पहुंचाता है, तो स्थानीय संस्कृति और भौगोलिक परिस्थितियों को देखते हुए वैकल्पिक उपाय अपनाए जाने चाहिए।


प्रशासन से की यह मांगें:
- विसर्जन के लिए प्राकृतिक जल स्रोतों के बजाय कृत्रिम टैंकों का प्रावधान किया जाए।
- स्थानीय जनभावनाओं को ध्यान में रखते हुए कोई भी नीति बनाई जाए।
- सरकारी आदेशों को लागू करने से पहले जनसुनवाई और जनसंवाद हो।

अब आगे क्या?
विवाद बढ़ने की आशंका के बीच प्रशासन सतर्क हो गया है। एसडीएम कार्यालय ने ज्ञापन को शासन तक पहुंचाने का आश्वासन दिया है। साथ ही, गणेश विसर्जन को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए पुलिस-प्रशासन तैयारी में जुट गया है।



