

मसूरी

रिपोर्टर सुनील सोनकर

उत्तराखंड की राजनीति में एक बार फिर गर्मी बढ़ गई है। मसूरी में आयोजित एक प्रेस वार्ता में कांग्रेस ने राज्य की भाजपा सरकार पर जमकर हमला बोला। प्रदेश कांग्रेस के पंचायत चुनाव गढ़वाल मंडल के मीडिया प्रभारी गिरिराज किशोर हिंदवाण ने भाजपा पर लोकतंत्र को कुचलने और सरकारी मशीनरी का दुरुपयोग करने के गंभीर आरोप लगाए।




हिंदवाण ने राज्य चुनाव आयुक्त सुशील सिंह पर भाजपा के इशारे पर काम करने का आरोप लगाया और कहा कि पंचायत चुनावों में शासन-प्रशासन की मनमानी चल रही है। उन्होंने कहा कि चुनाव जानबूझकर बरसात के मौसम में आयोजित किए जा रहे हैं ताकि ग्रामीण मतदाता कम संख्या में मतदान करें।



उन्होंने आगे कहा कि मतदाता सूची में दोहराव और अनियमितताओं को दूर करने के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाए गए हैं और चुनाव आयोग मूकदर्शक बना हुआ है। पंचायत चुनावों की आरक्षण सूची को लेकर भी कांग्रेस ने नाराजगी जताई, जिसे कोर्ट में चुनौती दी गई है। हिंदवाण ने इसे पंचायती राज अधिनियम का उल्लंघन बताया और इसे लोकतंत्र के लिए खतरा करार दिया।
इन्वेस्टर समिट पर भी उठाए सवाल

प्रवक्ता ने हाल ही में आयोजित इन्वेस्टर समिट को लेकर सरकार से श्वेत पत्र जारी करने की मांग की। उन्होंने पूछा कि इस आयोजन के बाद कितने उद्योग वास्तव में उत्तराखंड में स्थापित हुए, और कितने युवाओं को रोजगार मिला? उन्होंने पूर्व मुख्यमंत्री नारायण दत्त तिवारी के कार्यकाल का उदाहरण देते हुए कहा कि उस समय सिडकुल जैसे ठोस औद्योगिक मॉडल स्थापित किए गए, जिनका असर आज भी दिखता है।

अग्निवीर योजना और MSP पर भी निशाना

हिंदवाण ने केंद्र की अग्निवीर योजना की भी कड़ी आलोचना करते हुए कहा कि यह ग्रामीण युवाओं की भावनाओं और रोजगार के सपनों के साथ धोखा है। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार ने पारंपरिक खेती और न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) जैसे अहम मुद्दों को पूरी तरह नजरअंदाज कर दिया है।


कांग्रेस छेड़ेगी जन आंदोलन
हिंदवाण ने साफ किया कि कांग्रेस अब पूरे उत्तराखंड में जन आंदोलन छेड़ेगी और आम जनता की आवाज़ को जोर-शोर से उठाएगी। उन्होंने कहा, “भाजपा की सोई हुई सरकार को जगाना होगा, और 2027 में जनता उन्हें सत्ता से बाहर का रास्ता दिखाएगी।”


