

रिपोर्ट : भगवान सिंह
स्थान : पौड़ी गढ़वाल


गढ़वाल मंडल आयुक्त विनय शंकर पाण्डेय की अध्यक्षता में सोमवार को विकास भवन सभागार में मंडलीय विकास कार्यों की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक की शुरुआत में जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया ने आयुक्त का स्वागत किया और उपस्थित अधिकारियों से उनका परिचय कराया। इसके पश्चात आयुक्त ने विभागवार योजनाओं की प्रगति की गहन समीक्षा की और संबंधित अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि विकास कार्यों को हर हाल में तय समयसीमा के भीतर पूर्ण किया जाए।



बैठक के दौरान आयुक्त ने बैठक में अनुपस्थित अधिकारियों पर सख़्त रुख अपनाते हुए राष्ट्रीय राजमार्ग के अधिशासी अभियंता, उपायुक्त खाद्य, जिला पूर्ति अधिकारी और प्रभारी क्रीड़ा अधिकारी के वेतन रोकने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि “गैरहाजिरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी, और संबंधित अधिकारियों से स्पष्टीकरण तलब किया जाएगा।”



धीमी प्रगति वाले जिलों पर नाराज़गी

राज्य व केंद्र पोषित योजनाओं की समीक्षा के दौरान आयुक्त ने चमोली, देहरादून और हरिद्वार जिलों की धीमी प्रगति पर असंतोष जताया और संबंधित अधिकारियों को कार्यों में तेजी लाने को कहा।


शिक्षा व अन्य विभागों को निरीक्षण के निर्देश

उन्होंने अपर निदेशक शिक्षा को निर्देशित किया कि एक सप्ताह के भीतर विद्यालयों का स्थलीय निरीक्षण कर रिपोर्ट प्रस्तुत करें।
साथ ही पशुपालन, सहकारिता, लोक निर्माण, पेयजल और ग्रामीण निर्माण विभाग के अधिकारियों को भी विभागीय कार्यों का भौतिक निरीक्षण कर रिपोर्ट देने को कहा।

जल जीवन मिशन व मोटर मार्गों पर विशेष फोकस
जल जीवन मिशन की समीक्षा करते हुए आयुक्त ने निर्देश दिए कि ग्राम विकास अधिकारी गांवों में पेयजल की स्थिति का निरीक्षण करें।
वहीं लोक निर्माण विभाग और पीएमजीएसवाई अधिकारियों को निर्देश दिया कि मोटर मार्गों का सुधारीकरण प्राथमिकता से पूर्ण करें ताकि आमजन को शीघ्र लाभ मिल सके।


मासिक समीक्षा होगी अनिवार्य
आयुक्त पाण्डेय ने सभी मंडलीय अधिकारियों को निर्देशित किया कि हर माह कम से कम दो दिन विभागीय प्रगति की समीक्षा करें और मंडल स्तर पर मासिक समीक्षा बैठक अनिवार्य रूप से आयोजित की जाएगी, जिसमें विभागों को रिपोर्ट सहित भाग लेना होगा।



