

स्थान : हल्द्वानी
ब्यरो रिपोर्ट

बुध पार्क में पिछले 30 दिनों से धरने पर बैठी आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के समर्थन में अब राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। युवा नेता हेमन्त साहू ने राज्य सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए इसे संवेदनहीन बताया है।


हेमन्त साहू ने कहा कि सरकार के पास आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की समस्याओं को लेकर न तो कोई स्पष्ट नीति है और न ही उनकी बात सुनने की इच्छाशक्ति। उन्होंने कहा कि लंबे समय से ये महिलाएं अपने अधिकारों और सम्मानजनक वेतन की मांग को लेकर संघर्ष कर रही हैं, लेकिन उनकी मांगों की लगातार अनदेखी की जा रही है।

उन्होंने सवाल उठाते हुए कहा कि केवल ₹9000 के मानदेय में कोई भी महिला अपने परिवार का भरण-पोषण कैसे कर सकती है। यह स्थिति बेहद चिंताजनक है और सरकार को इस पर तुरंत गंभीरता से विचार करना चाहिए।

युवा नेता ने मांग की कि आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं का वेतन बढ़ाकर कम से कम ₹25,000 किया जाए, ताकि वे सम्मानपूर्वक जीवन यापन कर सकें और अपने परिवार की जरूरतें पूरी कर सकें।
उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि सरकार जल्द कोई ठोस निर्णय नहीं लेती है, तो युवा कांग्रेस कार्यकर्ता आंदोलन करने को मजबूर होंगे।

इसके साथ ही हेमन्त साहू ने मुख्यमंत्री के हल्द्वानी दौरे को भी निराशाजनक बताया। उन्होंने कहा कि इस दौरे से उम्मीद थी कि आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की समस्याओं पर कोई ठोस समाधान निकलेगा, लेकिन ऐसा नहीं हुआ, जिससे लोगों में निराशा है।


धरने पर बैठी आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की मांगों को लेकर अब माहौल और अधिक गरमाता नजर आ रहा है, जबकि सरकार की ओर से अभी तक कोई स्पष्ट प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।


