इस पेराई सत्र में डोईवाला शुगर मिल में टूटे कई रिकॉर्ड

इस पेराई सत्र में डोईवाला शुगर मिल में टूटे कई रिकॉर्ड

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रिपोटर -रितिक अग्रवाल

स्थान -डोईवाला

कुछ सालों से डोईवाला शुगर मिल के बंद होने की खबरें लगातार सामने आ रही थी, जिसको लेकर कर्मचारी व डोईवाला के किसान मायूस थे। पर जैसे ही अधिशासी निदेशक के पद पर पीसीएस दिनेश प्रताप सिंह ने पदभार सम्भाला तो, शुगर मील की सूरत ही बदल गयी। और अब यह मिल पेराई व रिकवरी को लेकर पिछले कई दशकों के रिकार्ड तोड़ चुकी है। इसी को लेकर क्षेत्र के जनप्रतिनिधि पूरी तरह खुश हैं। और शुगर मिल के अधिशासी निदेशक का लगातार स्वागत कर उनका मनोबल बढ़ाने का काम कर रहे हैं।

आज ऋषिकेष भाजपा किसान मोर्चा के जिला प्रभारी राजेंद्र तड़ियाल के नेतृत्व में भी डोईवाला शुगर मिल के अधिशासी निदेशक दिनेश प्रताप सिंह को मील में किए जा रहे सरहानीय कार्यों के लिए सम्मानित किया गया।इस दौरान राजेंद्र तड़ियाल ने कहा कि अधिशासी निदेशक दिनेश प्रताप सिंह द्वारा मिल में पदभार ग्रहण करने के बाद शुगर मिल नए आयाम छू रही है, जबकि यही मिल पिछले दशकों से घाटे में चल रही थी। ओर लगातार ब्रेक डाउन की स्तिथि से गुजर रही थी, लेकिन अब यह मिल नई ऊंचाइयों को छू रही है। क्षेत्रीय किसान दरपान बोरा ने कहा कि इस सत्र में शुगर मिल में किसानों की मूलभूत सुविधाओं का विशेष ध्यान रखा गया है। जबकि पिछले सत्र में किसानों को 12 घण्टों से भी ज्यादा लाइन में लगकर अपने गन्ने का तोल कराना पड़ता था। इससे आम जन को भी जाम का सामना कर परेशानियों का सामना करना पड़ता था, लेकिन अब स्थिति पूरी तह दुरस्त है, ओर यही वजह है कि ऐसे अधिकारी का जनप्रतिनिधि व किसान मिलकर लगातार सम्मान कर उनका मनोबल बढ़ाने का काम कर रहे हैं।वहीं शुगर मिल के अधिशासी मिदेशक दिनेश प्रताप सिंह ने कहा कि किसानों के गन्ने का भुगतान भी समय पर किया जा रहा है,

साथ ही चीनी का उत्पादन बढाना उनकी प्राथमिकता थी, जिसमे अभी तक एक लाख 90 हजार कुंतल चीनी बना ली गयी है। जो कि पिछले सत्र की अपेक्षा अधिक है। और मिल में ब्रेक डाउन जैसी स्तिथि से भी मिल को निजात मिली है, जो कि मिल प्रशासन व किसानों के लिए राहत भरी खबर है।