

स्थान : द्वाराहाट
ब्यूरो रिपोर्ट

द्वाराहाट विकासखंड के ग्राम भतोरा में अतिवृष्टि ने किसानों की मेहनत पर पानी फेर दिया है। लगातार बारिश के कारण गेहूं की फसल पूरी तरह बर्बाद हो गई, जिससे ग्रामीणों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है।


गांव की महिलाओं ने उत्तराखंड सरकार से सहायता की गुहार लगाई है। उनका कहना है कि पूरे क्षेत्र में लाखों रुपये का नुकसान हुआ है और एक दाना गेहूं भी घर तक नहीं पहुंच पाया है।

महिलाओं के अनुसार, खेतों में कटा हुआ गेहूं लगातार बारिश के कारण सड़ रहा है। वहीं, जो गेहूं मड़ाई के बाद रखा गया था, उसमें धूप न मिलने के कारण अंकुर निकलने लगे हैं, जिससे वह भी बेकार हो गया है।


ग्रामीणों ने बताया कि पिछले छह महीनों से वे इस फसल को बचाने के लिए दिन-रात मेहनत कर रहे थे। आवारा पशुओं और जंगली सूअरों से बचाने के लिए रात-रात भर जागकर खेतों की रखवाली की गई, लेकिन अब मौसम की मार ने सब कुछ खत्म कर दिया।
महिलाओं ने कहा कि किसानों को जुताई और बुआई का खर्च तक नहीं मिल पा रहा है। ऐसे में परिवारों के सामने आर्थिक संकट गहरा गया है और रोजमर्रा का जीवन चलाना मुश्किल हो गया है।


ग्रामीणों ने मांग की है कि सरकार इस क्षेत्र को अतिवृष्टि आपदा क्षेत्र घोषित करे और प्रभावित किसानों को तत्काल आर्थिक सहायता प्रदान की जाए।


स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय रहते मदद नहीं मिली तो किसानों के सामने गंभीर आजीविका संकट खड़ा हो सकता है।


अब ग्रामीणों को उम्मीद है कि प्रशासन उनकी समस्या को गंभीरता से लेते हुए जल्द राहत पहुंचाएगा।

