
स्थान : चंपावत
ब्यूरो रिपोर्ट

चम्पावत में होली का पर्व इस वर्ष भी हर्षोल्लास और उमंग के साथ मनाया जा रहा है। इसी क्रम में जिला सूचना कार्यालय परिसर में भव्य होली मिलन समारोह का आयोजन किया गया।


कार्यक्रम में जिलाधिकारी मनीष कुमार, जनपद के पत्रकार, और विभिन्न विभागों के अधिकारी उत्साहपूर्वक शामिल हुए। उन्होंने काली कुमाऊँ की प्रसिद्ध पारंपरिक होली का आनंद लिया।

पूरा परिसर रंग, उमंग, आत्मीयता और लोक-संस्कृति की मधुर स्वरलहरियों से सराबोर हो गया। सभी उपस्थित लोगों ने त्योहार का उत्सव हर्षोल्लास के साथ मनाया।

समारोह के दौरान जिलाधिकारी, पत्रकारों और अधिकारियों ने एक-दूसरे को अबीर-गुलाल लगाकर होली की हार्दिक शुभकामनाएं दीं।

जिलाधिकारी मनीष कुमार स्वयं कुमाऊँनी होली व गीतों पर पत्रकारों के साथ झूमते और गाते नजर आए। उन्होंने सभी को इस पारंपरिक पर्व की शुभकामनाएं दीं।
पारंपरिक वाद्ययंत्रों की मधुर संगत में कुमाऊँनी खड़ी होली का सामूहिक गायन किया गया, जिसकी सुरमयी धुनों ने पूरे वातावरण को लोक-संस्कृति के रंगों से सराबोर कर दिया।

उपस्थित सभी जनों ने उत्साह और आनंद के साथ इस सांस्कृतिक कार्यक्रम में सहभागिता की। कार्यक्रम में हंसी-ठिठोली और रंगों का विशेष महत्व रहा।

जिलाधिकारी मनीष कुमार ने कहा कि होली केवल रंगों का पर्व नहीं है, बल्कि आपसी सौहार्द, विश्वास, संवाद और सकारात्मक ऊर्जा का उत्सव भी है।
उन्होंने यह भी बताया कि लोकतंत्र में मीडिया की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। प्रशासन और मीडिया के बीच स्वस्थ समन्वय जनहितकारी योजनाओं और सूचनाओं को प्रभावी ढंग से जनता तक पहुंचाने में सहायक होता है।

अपर जिलाधिकारी कृष्णनाथ गोस्वामी ने भी उपस्थित पत्रकारों को रंग लगाकर शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन आपसी आत्मीयता को मजबूत करते हैं और कार्य संबंधों में सामंजस्य स्थापित करते हैं।


समारोह में पत्रकारों ने पारंपरिक होली गीतों की प्रस्तुति दी, जिससे माहौल और भी उत्सवपूर्ण बन गया।

लोकधुनों और रंगों के उल्लासपूर्ण वातावरण ने उपस्थित सभी को खुशी और उत्साह से भर दिया।

कार्यक्रम में अधिकारी और पत्रकार मिलकर परंपरा और संस्कृति को बनाए रखने का संदेश दे रहे थे।

होली मिलन समारोह में सभी ने एक-दूसरे के साथ हंसी-खुशी का आदान-प्रदान किया और उत्सव को यादगार बनाया।
समारोह का समापन जिलाधिकारी और अधिकारियों द्वारा सभी उपस्थितों को शुभकामनाएं देने और सामूहिक फोटो के साथ हुआ। इस तरह, चम्पावत में होली का यह पर्व पारंपरिक उमंग और सौहार्द के साथ सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।

