
स्थान – देहरादून
ब्यूरो रिपोर्ट

जिले में एक किसान ने बड़े फ्रॉड और प्रशासन की कथित उदासीनता के चलते अपनी जान दे दी। घटना से इलाके में गहरा शोक और आक्रोश फैल गया है।


जानकारी के अनुसार, किसान ने आत्महत्या करने से पहले 4 मिनट से अधिक का वीडियो बनाया, जिसमें उन्होंने कई लोगों पर गंभीर आरोप लगाए। वीडियो में उन्होंने बताया कि उनके साथ करीब 4 करोड़ रुपये का फ्रॉड हुआ।

किसान ने वीडियो में कहा कि जब उन्होंने इस मामले को लेकर SO (स्टेशन ऑफिसर) से मदद मांगी, तो उन्हें कोई मदद नहीं मिली, बल्कि उन्हें उल्टा मानसिक प्रताड़ना झेलनी पड़ी।

उन्होंने एसएसपी उधम सिंह नगर को भी कठघरे में खड़ा करते हुए आरोप लगाया कि उच्च अधिकारियों की उदासीनता और कार्रवाई न करने की वजह से उन्हें न्याय नहीं मिला।

वीडियो में किसान ने अपनी मौत से पहले यह भी स्पष्ट किया कि उन्होंने कई बार न्याय की गुहार लगाई, लेकिन सिस्टम की बेरुखी ने उन्हें आत्मघाती कदम उठाने पर मजबूर कर दिया।

स्थानीय प्रशासन ने कहा है कि मामले की जांच की जा रही है और वीडियो में लगाए गए आरोपों की गंभीरता से समीक्षा की जाएगी।
इस घटना ने इलाके में सुरक्षा और प्रशासनिक जवाबदेही पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। लोग अब उम्मीद कर रहे हैं कि दोषियों के खिलाफ त्वरित और कड़ी कार्रवाई होगी।
उधम सिंह नगर में यह मामला न केवल किसानों की सुरक्षा और आर्थिक हितों के संरक्षण की चिंता को उजागर करता है, बल्कि यह भी दिखाता है कि अगर सिस्टम द्वारा समय पर न्याय नहीं दिया गया तो आम आदमी को अपने ही जीवन को जोखिम में डालना पड़ सकता है।

