भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (IIT) रुड़की में आज संस्थान का 25वाँ दीक्षांत समारोह पूरे गरिमामय वातावरण में आयोजित किया गया। इस विशेष अवसर पर केंद्रीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।
समारोह में कुल 2614 छात्र-छात्राओं को विभिन्न पाठ्यक्रमों की उपाधियाँ प्रदान की गईं, जिनमें:
1267 स्नातक (Undergraduate)
847 स्नातकोत्तर (Postgraduate)
500 पीएचडी शोधार्थी शामिल रहे।
इसके अतिरिक्त, इस बार समारोह की एक विशेष बात यह रही कि 70 विदेशी छात्र-छात्राओं को भी उपाधियाँ प्रदान की गईं, जो विभिन्न देशों से आकर आईआईटी रुड़की में शिक्षा ग्रहण कर रहे थे।
मुख्य अतिथि डॉ. जितेंद्र सिंह ने छात्रों को संबोधित करते हुए कहा कि,
“आज का युवा भारत नवाचार और आत्मनिर्भरता की दिशा में तेजी से बढ़ रहा है, और आईआईटी जैसे संस्थान इसकी रीढ़ बन चुके हैं।”
उन्होंने दीक्षांत प्राप्त कर रहे विद्यार्थियों को शुभकामनाएं देते हुए रिसर्च, टेक्नोलॉजी और स्टार्टअप के क्षेत्र में आगे बढ़ने की प्रेरणा दी।
आईआईटी रुड़की के निदेशक और अन्य गणमान्य शिक्षाविदों ने भी मंच से छात्रों को उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएं दीं और उनके अब तक के शैक्षणिक सफर की सराहना की।
समारोह में छात्रों के साथ उनके अभिभावक, शिक्षकगण एवं गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे।