

ब्यूरोरीपोट


अयोध्या स्थित श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट में चढ़ावे से जुड़े कथित अनियमितताओं के मामले ने तूल पकड़ लिया है एसआईटी रिपोर्ट के बाद इस प्रकरण में एफआईआर दर्ज किए जाने की जानकारी सामने आई है, जिसके बाद प्रशासनिक स्तर पर कार्रवाई शुरू हो गई है।


जानकारी के अनुसार इस मामले में करीब 8 लोगों के खिलाफ नामजद एफआईआर दर्ज की गई है, जबकि इनमें से कई आरोपियों की गिरफ्तारी भी हो चुकी है मामला मंदिर परिसर में चढ़ावे और वित्तीय प्रबंधन से जुड़ी कथित गड़बड़ियों से संबंधित बताया जा रहा है।


इसी घटनाक्रम के बीच ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है उनके साथ ट्रस्ट के एक अन्य सदस्य अनिल मिश्रा ने भी अपने पद से इस्तीफा सौंप दिया है हालांकि ट्रस्ट या संबंधित पक्षों की ओर से आधिकारिक रूप से विस्तृत कारण सार्वजनिक नहीं किए गए हैं।

इस पूरे मामले को लेकर राजनीतिक हलकों में भी प्रतिक्रिया देखने को मिल रही है विपक्षी दलों ने ट्रस्ट के फंड प्रबंधन और जमीन लेन-देन की जांच को और व्यापक करने की मांग की है तथा चंपत राय की भूमिका पर भी सवाल उठाए हैं।
चंपत राय लंबे समय से विश्व हिंदू परिषद और राम जन्मभूमि आंदोलन से जुड़े प्रमुख चेहरे रहे हैं उन्होंने संगठनात्मक स्तर पर कई दशकों तक काम किया और मंदिर आंदोलन की रणनीतिक गतिविधियों में अहम भूमिका निभाने के लिए जाने जाते हैं।

उनका जन्म 18 नवंबर 1946 को उत्तर प्रदेश के बिजनौर जिले में हुआ था शुरुआती जीवन में वे शिक्षा क्षेत्र से जुड़े रहे और बाद में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ से जुड़कर संगठनात्मक कार्यों में सक्रिय हो गए आपातकाल के दौरान उनके राजनीतिक सक्रियता में आने का भी उल्लेख मिलता है।


फिलहाल यह मामला जांच के दायरे में है और प्रशासनिक कार्रवाई जारी है पूरी स्थिति जांच रिपोर्ट और कानूनी प्रक्रिया के आगे बढ़ने के बाद और स्पष्ट होने की संभावना है।

