आयुर्वेद व यूनानी चिकित्सकों का धरना, 7 सूत्री मांगों को लेकर आंदोलन तेज

आयुर्वेद व यूनानी चिकित्सकों का धरना, 7 सूत्री मांगों को लेकर आंदोलन तेज

स्थान : नरेंद्रनगर
ब्यरो रिपोर्ट

प्रदेश संगठन के आह्वान पर 7 सूत्री मांगों को लेकर टिहरी जिले के आयुर्वेद एवं यूनानी चिकित्सक पिछले कुछ दिनों से आंदोलनरत हैं। चिकित्सक 8 जून से 11 जून तक काली पट्टी बांधकर सांकेतिक हड़ताल पर रहे, लेकिन मांगों का समाधान न होने पर आंदोलन और तेज कर दिया गया।

इसी क्रम में शुक्रवार को जिले के 9 विकासखंडों के आयुर्वेदिक एवं यूनानी चिकित्सक नरेंद्रनगर स्थित जिला कार्यालय परिसर में एकत्र हुए और धरना-प्रदर्शन किया। इस दौरान चिकित्सकों ने सरकार, शासन एवं विभागीय उच्च अधिकारियों के खिलाफ जोरदार नारेबाजी करते हुए अपनी मांगों के शीघ्र समाधान की मांग की।

धरने में शामिल चिकित्सकों ने कहा कि लगातार ज्ञापन और सांकेतिक विरोध के बावजूद उनकी मांगों पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई, जिससे चिकित्सकों में रोष बढ़ता जा रहा है। प्रदर्शन के दौरान बड़ी संख्या में चिकित्सक मौजूद रहे और एकजुट होकर अपनी मांगों को दोहराया।

संगठन ने चेतावनी देते हुए कहा है कि यदि उनकी मांगों का जल्द समाधान नहीं किया गया तो आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा। इसी क्रम में प्रदेश संगठन के आह्वान पर 15 से 17 जून तक तीन दिवसीय कार्य बहिष्कार करने का निर्णय लिया गया है। इसके बाद देहरादून स्थित आयुर्वेद निदेशालय में धरना-प्रदर्शन किया जाएगा।

चिकित्सकों की प्रमुख मांगों में चिकित्सा संवर्ग हेतु विभागीय निदेशक की नियुक्ति, एसीपी एवं एमएसीपी का समयबद्ध लाभ, डीएसीपी का लाभ लागू करना तथा विभागीय ढांचे का पुनर्गठन शामिल है। इसके साथ ही अन्य लंबित मांगों के शीघ्र निस्तारण की भी मांग की जा रही है।

प्रदर्शनकारी चिकित्सकों ने स्पष्ट किया कि जब तक उनकी मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं लिया जाता, तब तक आंदोलन जारी रहेगा और चरणबद्ध तरीके से इसे और तेज किया जाएगा।