कोली ढेक झील में उमड़ रहे पर्यटक, सुविधाओं के विस्तार की उठी मांग

कोली ढेक झील में उमड़ रहे पर्यटक, सुविधाओं के विस्तार की उठी मांग

स्थान : लोहाघाट
ब्यूरो रिपोर्ट

चंपावत जिले के लोहाघाट स्थित प्रसिद्ध कोली ढेक झील इन दिनों पर्यटकों की पहली पसंद बनी हुई है प्राकृतिक सौंदर्य से भरपूर यह झील बड़ी संख्या में सैलानियों को अपनी ओर आकर्षित कर रही है पर्यटकों की बढ़ती आवाजाही से झील में नौका संचालन करने वाले स्थानीय युवाओं के चेहरे भी खिल उठे हैं और उन्हें अच्छा रोजगार मिल रहा है।

गुरुवार को भी झील में अन्य राज्यों से बड़ी संख्या में पर्यटक पहुंचे सैलानियों ने नौकायन का आनंद लेने के साथ-साथ झील में मौजूद मछलियों को चारा खिलाया और प्राकृतिक वातावरण का भरपूर लुत्फ उठाया पर्यटकों ने झील की सुंदरता की सराहना करते हुए इसे उत्तराखंड के प्रमुख पर्यटन स्थलों में से एक बताया।

पर्यटकों का कहना है कि कोली ढेक झील में पर्यटन की अपार संभावनाएं हैं, लेकिन यहां बुनियादी सुविधाओं का अभाव साफ दिखाई देता है उन्होंने स्थानीय प्रशासन से पर्यटकों के लिए बेहतर सुविधाएं और मनोरंजन के अतिरिक्त संसाधन उपलब्ध कराने की मांग की, ताकि यहां आने वाले लोगों का अनुभव और बेहतर हो सके।

झील में नौका संचालन करने वाले युवाओं ने बताया कि पिछले वर्ष की तुलना में इस बार पर्यटकों की संख्या कुछ कम है, फिर भी प्रतिदिन अच्छी संख्या में सैलानी पहुंच रहे हैं उनका कहना है कि झील क्षेत्र में रोजगार के अवसर बढ़े हैं और कई स्थानीय परिवारों की आजीविका पर्यटन पर निर्भर हो गई है।

नौका संचालकों ने झील परिसर में पर्यटकों के बैठने के लिए शेड निर्माण की आवश्यकता पर जोर दिया उनका कहना है कि धूप और बरसात के दौरान पर्यटकों को रुकने के लिए कोई सुरक्षित स्थान उपलब्ध नहीं है, जिससे उन्हें काफी असुविधा का सामना करना पड़ता है यदि शेड बनाए जाएं तो पर्यटक अधिक समय तक झील क्षेत्र में ठहर सकेंगे।

स्थानीय युवाओं ने झील तक पहुंचने वाली सड़क की खराब स्थिति पर भी चिंता जताई उनका कहना है कि सड़क की गिट्टी उखड़कर मार्ग पर बिखरी हुई है, जिससे दोपहिया वाहन चालकों के दुर्घटनाग्रस्त होने का खतरा बना रहता है कई पर्यटक फिसलकर चोटिल भी हो चुके हैं, इसलिए सड़क की मरम्मत जल्द कराई जानी चाहिए।

नौका संचालकों और स्थानीय लोगों ने शासन-प्रशासन से झील में सुविधाओं का विस्तार करने की मांग की है। उनका सुझाव है कि झील के किनारे स्थानीय युवाओं के लिए छोटी-छोटी दुकानों का निर्माण किया जाए, जिससे स्थानीय उत्पादों की बिक्री बढ़े और रोजगार के नए अवसर पैदा हों गौरतलब है कि पूर्व विधायक पूरन सिंह फर्त्याल के कार्यकाल में निर्मित कोली ढेक झील आज चंपावत जिले का एक प्रमुख पर्यटन केंद्र बन चुकी है, जहां पंजाब, हरियाणा, दिल्ली, मुंबई, बेंगलुरु और लखनऊ सहित विभिन्न क्षेत्रों से पर्यटक पहुंच रहे हैं।