
स्थान – अल्मोड़ा
ब्यूरो रिपोर्ट

देवभूमि उत्तराखंड के पावन स्थल जागेश्वर धाम से भारत शुद्धिकरण यात्रा का विधिवत शुभारंभ किया गया। इस यात्रा की शुरुआत उत्तराखंड के राज्यमंत्री दिनेश आर्य ने भगवान चित्रगुप्त जी की ध्वजा फहराकर की।


यात्रा की अगुवाई श्री चित्रगुप्त पीठ के पीठाधीश्वर स्वामी सच्चिदानंद द्वारा की जा रही है। यात्रा का उद्देश्य समाज में जनजागरूकता फैलाना और धार्मिक चेतना को जागृत करना बताया गया है।

यात्रा के प्रथम चरण की शुरुआत जागेश्वर धाम से हुई और यह यात्रा नैनीताल स्थित नैनादेवी मंदिर पर 15 जनवरी को समाप्त होगी। यात्रा के दौरान साधु-संत और श्रद्धालु विभिन्न गांवों और कस्बों में लोगों से मुलाकात करेंगे और उन्हें भारत शुद्धिकरण का संदेश देंगे।

यात्रा मार्ग के अनुसार, 13 जनवरी को कैंची धाम पहुंचेगी। वहां रात्रि विश्राम के दौरान सुंदरकांड पाठ का आयोजन किया जाएगा, जिसमें साधु-संत और श्रद्धालु सामूहिक रूप से भाग लेंगे। यात्रा के दौरान धार्मिक अनुष्ठान, भजन, कीर्तन और समाजिक संदेश साझा किए जाएंगे।


इस यात्रा का उद्देश्य न केवल धार्मिक चेतना को बढ़ावा देना है, बल्कि समाज में सकारात्मक बदलाव, नैतिक मूल्य और जागरूकता फैलाना भी है। पीठाधीश्वर स्वामी सच्चिदानंद ने बताया कि यात्रा के दौरान लोग अपने अनुभव साझा करेंगे और समाज में शुद्धिकरण की भावना को मजबूत करेंगे।

उत्तराखंड प्रशासन और स्थानीय लोग भी इस यात्रा में सहयोग कर रहे हैं। राज्य में इस तरह की धार्मिक और सामाजिक यात्राओं को लेकर लोगों में विशेष उत्साह देखा जा रहा है।
यह यात्रा धार्मिक आस्था और समाजिक संदेश के मिश्रण का प्रतीक मानी जा रही है, जो लोगों को आध्यात्मिक चेतना और सामाजिक जिम्मेदारी की ओर प्रेरित करेगी।

