सहस्त्रधारा क्षेत्र के कारलीगाढ़ में देर रात आफत, दुकानें बहीं, दो लोग लापता
देहरादून: राजधानी के प्रसिद्ध पर्यटन स्थल सहस्त्रधारा क्षेत्र के कारलीगाढ़ में सोमवार देर रात बादल फटने की घटना से अफरा-तफरी का माहौल बन गया। अचानक आई तेज़ बारिश और जलस्रोतों में उफान के कारण कई दुकानें बह गईं, जबकि दो लोगों के लापता होने की सूचना है।
हालांकि प्रशासन की तत्परता और एसडीआरएफ-एनडीआरएफ की त्वरित कार्रवाई के चलते किसी बड़े जानमाल के नुकसान की पुष्टि अब तक नहीं हुई है।
रात में ही शुरू हुआ रेस्क्यू ऑपरेशन
आपदा की जानकारी मिलते ही एसडीआरएफ और एनडीआरएफ की टीमें मौके पर रवाना हो गईं और रातभर राहत एवं बचाव कार्य जारी रहा। कई स्थानीय निवासियों और पर्यटकों को सुरक्षित स्थानों पर शिफ्ट किया गया।
भारी उपकरण, जेसीबी मशीनें और रेस्क्यू गियर की मदद से मलबा हटाने और लापता लोगों की तलाश का कार्य युद्धस्तर पर जारी है।
दुकानें बहीं, लाखों का नुकसान
कारलीगाढ़ क्षेत्र में नदी किनारे बनी कई दुकानें तेज बहाव की चपेट में आकर पूरी तरह से बह गईं। शुरुआती अनुमान के मुताबिक, लाखों रुपये का नुकसान हुआ है।
स्थानीय व्यापारियों के अनुसार, यह क्षेत्र पर्यटकों की आवाजाही के कारण आर्थिक रूप से महत्वपूर्ण है, और यह नुकसान लंबे समय तक प्रभाव डाल सकता है।
प्रशासन सतर्क, लगातार निगरानी जारी
जिला प्रशासन के अनुसार, क्षेत्र में सतर्कता और निगरानी बढ़ा दी गई है। जलस्तर में वृद्धि और भूस्खलन की आशंका को देखते हुए टीमों को हाई अलर्ट पर रखा गया है।
“हमारी प्राथमिकता लापता व्यक्तियों की खोज और स्थानीय लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है,” — प्रशासनिक अधिकारी।
स्थानीय लोगों में दहशत, लेकिन राहत भी
अचानक आई इस प्राकृतिक आपदा से स्थानीय लोगों में दहशत है, लेकिन साथ ही प्रशासन द्वारा समय पर की गई कार्रवाई से राहत और भरोसे का माहौल भी है।
वर्तमान में रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है और लापता लोगों के बारे में अब तक कोई ठोस जानकारी सामने नहीं आई है।