शुद्धिकरण विवाद पर हल्द्वानी में सियासत तेज, बारिश के बीच कांग्रेस का प्रदर्शन

शुद्धिकरण विवाद पर हल्द्वानी में सियासत तेज, बारिश के बीच कांग्रेस का प्रदर्शन

स्थान : हल्द्वानी
रिपोर्टर : पंकज सक्सेना

रामलीला ग्राउंड में 8 अगस्त को आयोजित कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के कार्यक्रम के बाद शुरू हुआ कथित शुद्धिकरण विवाद लगातार राजनीतिक तूल पकड़ता जा रहा है। हिंदूवादी संगठन की ओर से रामलीला ग्राउंड का शुद्धिकरण किए जाने के बाद कांग्रेस और अन्य संगठनों ने इसे दलित समाज का अपमान बताते हुए विरोध शुरू कर दिया था।

मामला अब राज्यसभा तक भी पहुंच चुका है। संसद में मुद्दा उठने के बाद प्रदेश की सियासत और गरमा गई। कांग्रेस लगातार इस मामले में कार्रवाई की मांग कर रही है और संगठन से जुड़े लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने का दबाव बना रही है।

मामले में नैनीताल पुलिस की ओर से मुकदमा दर्ज न किए जाने को लेकर कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने दिल्ली में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर सवाल उठाए थे। इसके बाद भी यह विवाद थमने के बजाय लगातार राजनीतिक बहस का मुद्दा बना हुआ है।

बीते सोमवार, 31 अगस्त को नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य हल्द्वानी स्थित पुलिस क्षेत्राधिकारी कार्यालय पहुंचे। उन्होंने शुद्धिकरण करने वाले संगठन से जुड़े लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग को लेकर पुलिस को तहरीर सौंपी।

इस दौरान एसएसपी नैनीताल डॉ. मंजूनाथ टी.सी. ने कांग्रेस नेताओं से तहरीर प्राप्त की। पुलिस की ओर से मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए तहरीर का जांच और परीक्षण करने के बाद नियमानुसार कार्रवाई का आश्वासन दिया गया।

कांग्रेस नेताओं ने पुलिस को कार्रवाई के लिए 1 सितंबर 2026, मंगलवार सुबह 11 बजे तक का समय दिया था। तय समय तक एफआईआर दर्ज नहीं होने के बाद कांग्रेस ने विरोध-प्रदर्शन का ऐलान किया।

मंगलवार को भारी बारिश के बावजूद हल्द्वानी विधायक सुमित हृदयेश के नेतृत्व में बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता हल्द्वानी बहुउद्देशीय भवन पहुंचे। कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने एफआईआर दर्ज न होने पर विरोध जताते हुए पुलिस से तत्काल कार्रवाई की मांग की।

प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि अगले दो दिनों के भीतर एफआईआर दर्ज नहीं की जाती है, तो पार्टी अपने स्तर पर अगला कदम उठाएगी। नेताओं ने कहा कि मामले को लेकर कांग्रेस अपना विरोध जारी रखेगी।

वहीं, पूरे मामले पर एसएसपी नैनीताल डॉ. मंजूनाथ टी.सी. ने कहा कि पुलिस को तहरीर प्राप्त हो चुकी है। मामला संवेदनशील होने के कारण तहरीर का परीक्षण किया जा रहा है और परीक्षण पूरा होने के बाद नियमानुसार अग्रिम कार्रवाई की जाएगी। ऐसे में अब नजर इस बात पर है कि पुलिस की जांच के बाद इस मामले में एफआईआर दर्ज होती है या नहीं।