हल्द्वानी शुद्धिकरण मामले में किच्छा कांग्रेस ने दी तहरीर, आरोपियों पर कार्रवाई की मांग

हल्द्वानी शुद्धिकरण मामले में किच्छा कांग्रेस ने दी तहरीर, आरोपियों पर कार्रवाई की मांग

स्थान : किच्छा
रिपोर्टर : राजू सहगल

किच्छा में हल्द्वानी के रामलीला मैदान में कथित शुद्धिकरण के मामले को लेकर कांग्रेस ने मोर्चा खोल दिया है। किच्छा विधायक तिलक राज बेहड़ के नेतृत्व में दर्जनों कांग्रेस कार्यकर्ता किच्छा कोतवाली पहुंचे और पुलिस को लिखित शिकायती पत्र सौंपकर मामले में कार्रवाई की मांग की।

नगर कांग्रेस कमेटी के आह्वान पर पहुंचे कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि हल्द्वानी में आयोजित कार्यक्रम के बाद अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति के लोगों को कथित तौर पर सार्वजनिक रूप से अपमानित किया गया।

कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने पुलिस को दी तहरीर में कहा कि रामलीला मैदान में कार्यक्रम के दौरान यज्ञ कराया गया और गंगाजल का छिड़काव कर कथित तौर पर मैदान का शुद्धिकरण किया गया।

कार्यकर्ताओं का आरोप है कि इस पूरे घटनाक्रम का वीडियो भी बनाया गया और उसे सोशल मीडिया पर वायरल किया गया। कांग्रेस नेताओं का कहना है कि इस तरह की कार्रवाई से अनुसूचित जाति एवं जनजाति समाज के लोगों की भावनाएं आहत हुई हैं।

कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने कहा कि किसी राजनीतिक कार्यक्रम के बाद इस तरह कथित शुद्धिकरण किया जाना सामाजिक समानता और आपसी भाईचारे की भावना के विपरीत है। उन्होंने मामले को गंभीर बताते हुए पुलिस से निष्पक्ष जांच की मांग की।

विधायक तिलक राज बेहड़ के नेतृत्व में कांग्रेसियों ने मांग की कि वायरल वीडियो और घटना से जुड़े अन्य साक्ष्यों की जांच की जाए। साथ ही कथित शुद्धिकरण में शामिल लोगों की पहचान कर उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाए।

तहरीर में कांग्रेस की ओर से संबंधित लोगों के खिलाफ एससी/एसटी एक्ट सहित अन्य संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज करने की मांग की गई है। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग भी पुलिस के सामने रखी।

कांग्रेस नेताओं ने कहा कि समाज में जातिगत भेदभाव को बढ़ावा देने वाले किसी भी कृत्य को स्वीकार नहीं किया जा सकता। उन्होंने पुलिस प्रशासन से मामले में जल्द कार्रवाई कर दोषियों के खिलाफ सख्त कदम उठाने की मांग की।

पुलिस को तहरीर सौंपे जाने के बाद अब मामले में जांच और आगे की कार्रवाई पर नजरें टिकी हैं। कांग्रेस ने स्पष्ट किया है कि यदि शिकायत पर उचित कार्रवाई नहीं हुई तो वह आगे भी इस मुद्दे को लेकर अपना विरोध दर्ज कराएगी।