खुरपिया फार्म में जमीन कब्जे को लेकर बवाल, पुलिस ने एक दर्जन संदिग्धों से की पूछताछ

खुरपिया फार्म में जमीन कब्जे को लेकर बवाल, पुलिस ने एक दर्जन संदिग्धों से की पूछताछ

स्थान : किच्छा (उधम सिंह नगर
रिपोर्टर : राजू सेहगल

कोतवाली क्षेत्र के खुरपिया फार्म में करोड़ों रुपये मूल्य की कृषि भूमि पर कथित कब्जे के प्रयास को लेकर विवाद गहरा गया है। एक विधवा महिला ने आरोप लगाया है कि दर्जनों लोगों ने फार्म हाउस में घुसकर कर्मचारियों के साथ मारपीट, गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी दी। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।

पीड़िता भावना सिंह, पत्नी स्वर्गीय वीर विमलेंद्र सिंह, ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि उनके दिवंगत पति पर जमीन बेचने का लगातार दबाव बनाया जा रहा था। उनका आरोप है कि इसी मानसिक तनाव के चलते पिछले महीने उनके पति ने जहर खाकर आत्महत्या कर ली थी। इस मामले में पहले ही प्रॉपर्टी डीलर राजीव आहूजा, आशीष और अनुराधा के खिलाफ मुकदमा दर्ज है, जिसकी विवेचना जारी है।

पीड़िता का आरोप है कि आरोपियों को उच्च न्यायालय से अग्रिम जमानत मिलने के बाद से उन्हें लगातार धमकाया जा रहा है। उनका कहना है कि बीते दिन दोपहर करीब 12:30 बजे तीन-चार कारों में सवार राजीव आहूजा, संजीव आहूजा, अजय सिंह तथा उनके अन्य साथी फार्म हाउस पहुंचे और खेत में कार्य कर रहे ट्रैक्टर चालक मोहम्मद जुनैद एवं अन्य मजदूरों के साथ मारपीट और अभद्रता की।

शिकायत के अनुसार, सूचना मिलने पर जब भावना सिंह मौके पर पहुंचीं तो आरोपियों ने उनके साथ भी अभद्र व्यवहार किया और कथित रूप से जान से मारने तथा जमीन पर जबरन कब्जा करने की धमकी दी। पीड़िता का आरोप है कि आरोपियों ने यह भी कहा कि उन्हें अदालत से अग्रिम जमानत मिल चुकी है और उनका कोई कुछ नहीं बिगाड़ सकता।

घटना की सूचना डायल-112 के माध्यम से पुलिस को दी गई। पीड़िता ने अपनी, अपने पुत्र युग प्रताप सिंह तथा भाई जगदीश चौहान की सुरक्षा की मांग करते हुए आरोपियों के विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने भविष्य में किसी भी अप्रिय घटना के लिए आरोपियों को जिम्मेदार ठहराया है।

मामले की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन तब तक सभी आरोपी वहां से जा चुके थे। पीड़िता द्वारा उपलब्ध कराई गई वीडियो फुटेज के आधार पर पुलिस ने मुख्य आरोपी राजीव आहूजा सहित करीब एक दर्जन संदिग्धों को हिरासत में लेकर करीब तीन घंटे तक अलग-अलग पूछताछ की और उनके बयान दर्ज किए। इस दौरान कोतवाली परिसर में विभिन्न राजनीतिक दलों से जुड़े लोगों की भीड़ जुटने से काफी देर तक गहमागहमी का माहौल बना रहा।

प्रभारी निरीक्षक रवि सैनी ने बताया कि लिखित शिकायत और वीडियो फुटेज के आधार पर मामले की जांच की जा रही है। उन्होंने कहा कि जांच में सामने आने वाले तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर नियमानुसार विधिक कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की गहनता से जांच में जुटी हुई है।