

स्थान : हल्द्वानी
रिपोर्टर : संजय जोशी

प्रदेश सरकार की पहल ‘जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार’ के तहत आयोजित सेवा, सुशासन और समर्पण पखवाड़ा कार्यक्रम के अंतर्गत ब्लॉक कार्यालय सभागार हल्द्वानी में बहुउद्देशीय शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में कुल 105 जन शिकायतें दर्ज हुईं, जिनमें से 86 शिकायतों का मौके पर ही निस्तारण किया गया। वहीं 390 लोगों को विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं से सीधे लाभान्वित किया गया।


कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे सांसद अजय भट्ट ने कहा कि महिलाओं को सशक्त बनाने के लिए केंद्र और राज्य सरकार द्वारा अनेक योजनाएं संचालित की जा रही हैं, जिनका सीधा लाभ महिलाओं तक पहुंच रहा है। उन्होंने कहा कि मातृशक्ति के उत्थान और आर्थिक आत्मनिर्भरता के लिए सरकार लगातार प्रयास कर रही है।



सांसद ने कहा कि सफलता प्राप्त करने के लिए मेहनत, कर्मठता और कार्य के प्रति लगन सबसे महत्वपूर्ण होती है। उन्होंने लखपति दीदी योजना का उल्लेख करते हुए कहा कि यह योजना आर्थिक रूप से कमजोर महिलाओं के जीवन में सकारात्मक बदलाव ला रही है। स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं को कौशल प्रशिक्षण और वित्तीय सहायता देकर उनकी आय बढ़ाने का कार्य किया जा रहा है।


जनपद नैनीताल के प्रभारी सचिव एवं उत्तराखंड शासन में सचिव बाल विकास व महिला सशक्तिकरण चन्द्रेश कुमार यादव ने कहा कि सरकार का मुख्य उद्देश्य पर्वतीय क्षेत्रों से पलायन को रोकना है। इसके लिए स्वयं सहायता समूहों द्वारा बेहतर कार्य किए जा रहे हैं। उन्होंने लोगों से मौन पालन और मशरूम उत्पादन जैसे स्वरोजगार से जुड़ने का आह्वान किया।
उन्होंने कहा कि नैनीताल पर्यटन की दृष्टि से महत्वपूर्ण जनपद है, जहां मशरूम की काफी मांग है। वर्तमान में बड़ी मात्रा में मशरूम बाहर से मंगाना पड़ता है, जबकि स्थानीय स्तर पर उत्पादन कम है। उन्होंने युवाओं और महिलाओं से इन क्षेत्रों में आगे आकर अपनी आर्थिकी मजबूत करने की अपील की।

शिविर में रकसिया नाला, सड़क, अतिक्रमण, भूकटाव, विद्युत और पेयजल जैसी समस्याएं प्रमुखता से सामने आईं। मुख्य विकास अधिकारी अरविंद कुमार पांडे ने अधिकारियों के साथ संवाद कर कई समस्याओं का मौके पर समाधान कराया। ग्राम प्रधान हरिपुरनायक ने रकसिया नाले की समस्या उठाते हुए बताया कि नाले की खुदाई के बाद गांव में जलभराव की स्थिति बन रही है। इस पर सीडीओ ने यूयूएसडीए और सिंचाई विभाग के अधिकारियों को संयुक्त निरीक्षण कर सात दिन में समाधान करने के निर्देश दिए।


लोगों ने सड़क मरम्मत, सड़क किनारे अतिक्रमण हटाने, विद्युत ट्रांसफार्मर की क्षमता बढ़ाने और पेयजल से जुड़ी समस्याएं भी रखीं। सीडीओ ने संबंधित विभागों को निर्देश दिए कि शेष शिकायतों का 15 दिनों के भीतर निस्तारण कर इसकी सूचना संबंधित शिकायतकर्ताओं को उपलब्ध कराई जाए।
कार्यक्रम की अध्यक्षता ब्लॉक प्रमुख हल्द्वानी मंजू गौड़ ने की। जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल ने कहा कि इन शिविरों का उद्देश्य अंतिम छोर पर रह रहे व्यक्ति तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाना और उनकी समस्याओं का त्वरित समाधान करना है। उन्होंने अधिकारियों को शिकायतों को प्राथमिकता के आधार पर निस्तारित करने के निर्देश दिए।
शिविर में विभिन्न विभागों की ओर से स्टॉल लगाए गए, जिनमें राजस्व, स्वास्थ्य, आयुर्वेद, कृषि, डेयरी, पशुपालन, उद्योग और बाल विकास विभाग शामिल रहे। इन स्टॉलों के माध्यम से लोगों को सरकारी योजनाओं की जानकारी दी गई और कई लोगों को योजनाओं का लाभ प्रदान किया गया।

इस अवसर पर एनआरएलएम विभाग द्वारा तैयार पुस्तक का विमोचन सांसद अजय भट्ट, विधायक बंशीधर भगत, सचिव चन्द्रेश कुमार यादव, जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल, मुख्य विकास अधिकारी अरविंद कुमार पांडे और ब्लॉक प्रमुख मंजू गौड़ सहित अन्य जनप्रतिनिधियों ने संयुक्त रूप से किया। पुस्तक में विभागीय योजनाओं की विस्तृत जानकारी उपलब्ध कराई गई है।
कार्यक्रम में दर्जा मंत्री योगेश रजवार, मोहनी पोखरिया, मोहन पाठक, सदस्य दिशा शांति भट्ट, कनिष्ठ प्रमुख कमल भंडारी, नगर आयुक्त पारितोष वर्मा, सचिव विकास प्राधिकरण मनीष कुमार, सिटी मजिस्ट्रेट एपी बाजपेयी, उपजिलाधिकारी मोनिका, जिला विकास अधिकारी संतोष पंत, खंड विकास अधिकारी असगर तनवीर सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी, ग्राम प्रधान, स्वयं सहायता समूह के सदस्य और बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौजूद रहे।

