द्वाराहाट में बहुउद्देशीय शिविर आयोजित, डीएम अंशुल सिंह ने सुनीं जन समस्याएं, 1150 से अधिक लोग हुए लाभान्वित

द्वाराहाट में बहुउद्देशीय शिविर आयोजित, डीएम अंशुल सिंह ने सुनीं जन समस्याएं, 1150 से अधिक लोग हुए लाभान्वित

स्थान : रानीखेत
रिपोर्टर : संजय जोशी

सेवा, सुशासन एवं समर्पण की भावना के अनुरूप संचालित ‘जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार’ अभियान के तहत शुक्रवार को विकासखंड द्वाराहाट के जनता उच्चतर माध्यमिक विद्यालय गोलूछाना के प्रांगण में बहुउद्देशीय शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में जिलाधिकारी अंशुल सिंह ने स्वयं पहुंचकर आमजन की समस्याएं सुनीं और संबंधित विभागीय अधिकारियों को उनके गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध निस्तारण के निर्देश दिए।

शिविर में विभिन्न विभागों की ओर से स्टॉल लगाए गए, जहां बड़ी संख्या में लोगों ने पहुंचकर सरकारी योजनाओं और सेवाओं का लाभ लिया। आधार सेवा केंद्र में लोगों ने आधार नामांकन, संशोधन सहित अन्य कार्य करवाए। वहीं श्रम विभाग की ओर से मौके पर ही श्रम कार्ड बनाए गए और अन्य विभागों ने भी जनोपयोगी सेवाएं उपलब्ध कराईं।

बहुउद्देशीय शिविर के दौरान पात्र लाभार्थियों को विभिन्न सरकारी योजनाओं से लाभान्वित किया गया। महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास विभाग द्वारा तीन लाभार्थियों को महालक्ष्मी किट वितरित की गई। डेयरी विकास विभाग ने छह पशुपालकों को स्वच्छ दुग्ध उत्पादन किट प्रदान की। वहीं मत्स्य विभाग की ओर से दो लाभार्थियों को मत्स्य तालाब निर्माण एवं सुधार कार्यों के लिए एक लाख रुपये से अधिक धनराशि के स्वीकृति चेक वितरित किए गए।

शिविर में लगाए गए विभागीय स्टॉलों से करीब 1150 से अधिक लोगों ने लाभ प्राप्त किया। इस दौरान अधिकारियों ने विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी आमजन को दी। लाभार्थियों ने भी योजनाओं से मिले लाभ और अपने अनुभव साझा किए।

कार्यक्रम में पहुंचे बागवानी विकास परिषद के उपाध्यक्ष देवेंद्र सिंह ढेला ने कहा कि सरकार अब योजनाओं का लाभ पहुंचाने के लिए स्वयं जनता के बीच पहुंच रही है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के ‘सबका साथ, सबका विकास’ के मंत्र के अनुरूप जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार अभियान के तहत आयोजित शिविर आम जनता के लिए लाभकारी साबित हो रहे हैं।

जिलाधिकारी अंशुल सिंह ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में आयोजित इन बहुउद्देशीय शिविरों का मुख्य उद्देश्य लोगों को उनके घर के नजदीक ही सरकारी योजनाओं और सेवाओं का लाभ उपलब्ध कराना है। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन की प्राथमिकता है कि शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ प्रत्येक पात्र व्यक्ति तक पहुंचे।

डीएम ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि बहुउद्देशीय शिविर केवल औपचारिक आयोजन न बनें, बल्कि इनका वास्तविक लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचना चाहिए। उन्होंने शिविर में प्राप्त शिकायतों का प्राथमिकता के आधार पर समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

शिविर में कुल 96 शिकायतें दर्ज हुईं, जिनमें से अधिकांश का मौके पर ही समाधान कर दिया गया, जबकि शेष शिकायतों को संबंधित विभागों को आवश्यक कार्रवाई के लिए भेजा गया।

इस अवसर पर उत्तराखंड पलायन निवारण आयोग के सदस्य अनिल सिंह साही, उपजिलाधिकारी द्वाराहाट सुनील कुमार राज, परियोजना निदेशक डीआरडीए के.एन. तिवारी, खंड विकास अधिकारी निवेदिता खुल्बे सहित जनप्रतिनिधि, विभागीय अधिकारी और बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौजूद रहे।