खटीमा में जनकल्याण शिविर आयोजित, दिव्यांगजनों को मिले सहायक उपकरण, मौके पर सुनी गईं जन समस्याएं

खटीमा में जनकल्याण शिविर आयोजित, दिव्यांगजनों को मिले सहायक उपकरण, मौके पर सुनी गईं जन समस्याएं

स्थान : खटीमा
रिपोर्टर : अशोक सरकार

उत्तराखंड सरकार के “सेवा, सुशासन, समर्पण: जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार” अभियान के तहत खटीमा में स्वास्थ्य एवं जनकल्याण शिविर का आयोजन किया गया। शिविर का उद्देश्य आम जनता तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाना और लोगों की समस्याओं का त्वरित समाधान करना रहा।

शिविर में दिव्यांगजनों को आवश्यक सहायक उपकरण वितरित किए गए। वहीं महिलाओं और बालिकाओं के लिए विशेष स्वास्थ्य जांच शिविर आयोजित कर स्वास्थ्य परीक्षण और चिकित्सकीय परामर्श की सुविधा उपलब्ध कराई गई। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोगों ने पहुंचकर विभिन्न विभागों से जुड़ी अपनी समस्याएं अधिकारियों के सामने रखीं।

शिविर में मुख्य विकास अधिकारी देवेश सासनी, जिला पंचायत अध्यक्ष अजय मौर्या, उपजिलाधिकारी तुषार सैनी, तहसीलदार वीरेंद्र सजवान, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. के.के. अग्रवाल, डॉ. बी.पी. सिंह, विद्युत विभाग के एसडीओ आलोक सचान, ब्लॉक प्रमुख सरिता राणा सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी और जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।

कार्यक्रम के दौरान अधिकारियों ने ग्रामीणों और आम नागरिकों की समस्याओं को गंभीरता से सुना। कई शिकायतों का मौके पर ही समाधान किया गया, जबकि जिन मामलों के तत्काल निस्तारण संभव नहीं थे, उनके लिए संबंधित विभागों को जल्द कार्रवाई के निर्देश दिए गए।

स्वास्थ्य शिविर में महिलाओं और बालिकाओं के स्वास्थ्य से संबंधित जांच, परामर्श और जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। अधिकारियों ने कहा कि स्वास्थ्य सुविधाओं को आमजन तक पहुंचाना सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है।

दिव्यांगजनों को सहायक उपकरण मिलने से लाभार्थियों ने खुशी जताई और सरकार की इस पहल की सराहना की। अधिकारियों ने कहा कि ऐसे शिविरों के माध्यम से समाज के अंतिम व्यक्ति तक सरकारी योजनाओं और सेवाओं की पहुंच सुनिश्चित की जा रही है।

कार्यक्रम के दौरान अधिकारियों ने कहा कि “जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार” अभियान का मुख्य उद्देश्य जनता और प्रशासन के बीच सीधा संवाद स्थापित करना है, ताकि लोगों की समस्याओं का समाधान उनके क्षेत्र में ही किया जा सके।