

ब्यूरो रिपोर्ट

गॉल में खेले गए दूसरे अनऑफिशियल टेस्ट मैच में भारत-ए ने शानदार प्रदर्शन करते हुए श्रीलंका-ए को 10 विकेट से हराकर दो मैचों की सीरीज 1-0 से अपने नाम कर ली। इस मुकाबले में तेज गेंदबाज गुरनूर बरार ने घातक गेंदबाजी करते हुए कुल 10 विकेट झटककर मैच का रुख पूरी तरह भारत की ओर मोड़ दिया।


पहला मैच ड्रॉ रहने के बाद सीरीज जीतने के लिए भारत-ए को यह मुकाबला हर हाल में जीतना जरूरी था। टीम ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 543 रनों का विशाल स्कोर खड़ा किया और 177 रनों की महत्वपूर्ण बढ़त हासिल की। इस पारी में साई सुदर्शन ने शानदार 168 रन बनाए, जबकि देवदत्त पडिक्कल ने 94, ध्रुव जुरेल ने 53 और सारांश जैन ने नाबाद 70 रनों का अहम योगदान दिया।



भारत-ए की मजबूत बल्लेबाजी के जवाब में श्रीलंका-ए की दूसरी पारी भारतीय गेंदबाजों के सामने टिक नहीं सकी और पूरी टीम 209 रनों पर सिमट गई। इसमें सबसे बड़ी भूमिका गुरनूर बरार की रही, जिन्होंने लगातार विकेट निकालकर विपक्षी बल्लेबाजी क्रम को ध्वस्त कर दिया।


गुरनूर बरार की घातक गेंदबाजी के कारण भारत-ए को जीत के लिए केवल 33 रनों का आसान लक्ष्य मिला, जिसे साई सुदर्शन और अमन मोखाडे ने बिना कोई विकेट खोए मात्र 6.2 ओवर में हासिल कर लिया। इस तरह भारत-ए ने एकतरफा अंदाज में मुकाबला अपने नाम किया।
सीरीज में कप्तान ध्रुव जुरेल के नेतृत्व में भारत-ए ने बेहतरीन प्रदर्शन किया। साई सुदर्शन पूरे सीरीज में सबसे सफल बल्लेबाज रहे, जिन्होंने दो मैचों में कुल 332 रन बनाए, जबकि गुरनूर बरार सबसे सफल गेंदबाज रहे, जिन्होंने 10 विकेट अपने नाम किए।

गुरनूर बरार का यह प्रदर्शन भारतीय क्रिकेट के लिए एक मजबूत संकेत माना जा रहा है। आगामी श्रीलंका टेस्ट सीरीज से पहले उनका यह प्रदर्शन चयनकर्ताओं के लिए सकारात्मक संकेत के रूप में देखा जा रहा है, जिससे उनकी सीनियर टीम में दावेदारी और मजबूत हो गई है।



