

स्थान : देहरादून
ब्यूरो रिपोर्ट


NEET-UG पेपर लीक और परीक्षा में कथित अनियमितताओं को लेकर उत्तराखंड कांग्रेस ने केंद्र सरकार और नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) पर गंभीर आरोप लगाए हैं। कांग्रेस ने इसे छात्रों के भविष्य के साथ बड़ा खिलवाड़ बताते हुए तत्काल सुधार की मांग की है।


देहरादून स्थित कांग्रेस मुख्यालय में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में प्रदेश प्रवक्ता डॉ. प्रतिमा सिंह ने केंद्र सरकार पर सीधा हमला बोला।



उन्होंने कहा कि “छात्रों की गूंज” अभियान अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (AICC) और कांग्रेस नेता राहुल गांधी के निर्देश पर चलाया जा रहा है, जिसका उद्देश्य देशभर के छात्रों की समस्याओं को सामने लाना है।

प्रवक्ता ने आरोप लगाया कि NEET परीक्षा में हुई धांधली और पेपर लीक की घटनाओं के कारण अब तक 10 से अधिक छात्रों ने आत्महत्या की है, जो बेहद गंभीर और चिंताजनक स्थिति है।

उन्होंने नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा कि 2017 में गठन के बाद से यह संस्था पारदर्शिता के साथ काम नहीं कर पा रही है और इसकी जवाबदेही स्पष्ट नहीं है।

कांग्रेस प्रवक्ता ने यह भी दावा किया कि 2017 से अब तक 89 पेपर लीक की घटनाएं सामने आ चुकी हैं, जिनमें से 49 परीक्षाओं को दोबारा कराना पड़ा। उन्होंने कहा कि यह आंकड़े देश की परीक्षा प्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े करते हैं।


प्रेस कॉन्फ्रेंस में यह भी आरोप लगाया गया कि NTA द्वारा छात्रों से लिए जाने वाले शुल्क और उसके उपयोग को लेकर भी पारदर्शिता नहीं है, जिससे व्यवस्था पर संदेह पैदा होता है।
कांग्रेस ने आरोप लगाया कि लगातार पेपर लीक की घटनाओं के बावजूद NTA से परीक्षाएं कराना यह दर्शाता है कि सरकार शिक्षा और नकल माफिया पर अंकुश लगाने में विफल रही है और उन्हें संरक्षण मिल रहा है।
प्रवक्ता ने कहा कि यदि जल्द ही परीक्षा प्रणाली में सुधार नहीं किया गया तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा और छात्रों के हित में बड़ा जनआंदोलन खड़ा किया जाएगा।
कांग्रेस ने केंद्र सरकार से मांग की है कि NEET और अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं की निष्पक्षता सुनिश्चित की जाए और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई हो।

