झबरेड़ी खुर्द में जनसेवा शिविर बना अखाड़ा, राज्यमंत्री और ग्रामीणों में मारपीट, पुलिस ने संभाला मोर्चा

झबरेड़ी खुर्द में जनसेवा शिविर बना अखाड़ा, राज्यमंत्री और ग्रामीणों में मारपीट, पुलिस ने संभाला मोर्चा

स्थान : रुड़की
ब्यूरो रिपोर्ट

झबरेड़ा विधानसभा क्षेत्र के झबरेड़ी खुर्द गांव में आयोजित ‘जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार’ शिविर उस समय विवाद और हंगामे का केंद्र बन गया, जब राज्य मंत्री देशराज कर्णवाल और ग्रामीणों के बीच हुई कहासुनी ने मारपीट का रूप ले लिया। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई।

जानकारी के अनुसार, गांव में ‘डॉ. भीमराव अंबेडकर समाज कल्याण बहुउद्देशीय शिविर’ का आयोजन किया गया था, जिसमें विभिन्न विभागों के अधिकारी और कर्मचारी मौजूद थे। मुख्य अतिथि के रूप में राज्य मंत्री देशराज कर्णवाल भी कार्यक्रम में शामिल हुए थे।

बताया जा रहा है कि शिविर स्थल के पास एक युवक द्वारा लाउडस्पीकर पर तेज आवाज में गीत बजाए जाने को लेकर विवाद शुरू हुआ। आरोप है कि इस पर मंत्री भड़क गए और युवक से उसका मोबाइल फोन छीन लिया, जिसके बाद स्थिति तनावपूर्ण हो गई।

वहीं, भीम आर्मी और आजाद समाज पार्टी से जुड़े लोगों का आरोप है कि शिविर के दौरान ग्रामीणों द्वारा विकास कार्यों को लेकर सवाल पूछे जाने पर मंत्री नाराज हो गए और विवाद बढ़ता चला गया। देखते ही देखते मामला तीखी नोकझोंक से मारपीट तक पहुंच गया।

इस दौरान भीम आर्मी नेता महक सिंह ने आरोप लगाते हुए कहा कि मंत्री द्वारा महिलाओं के साथ धक्का-मुक्की और ईंटों से हमला किया गया, जो बेहद गंभीर और निंदनीय है।

वहीं, ग्रामीणों और परिजनों ने भी मंत्री पक्ष पर अभद्र व्यवहार और धमकी देने के आरोप लगाए, जिसके बाद दोनों पक्ष आमने-सामने आ गए और मौके पर जमकर हंगामा हुआ।

घटना की सूचना मिलते ही झबरेड़ा पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित करने के लिए दोनों पक्षों को अलग किया। पुलिस की तत्परता से हालात पर काबू पाया गया और बड़ा बवाल टल गया।

पुलिस के अनुसार, दोनों पक्षों की ओर से लिखित तहरीर प्राप्त हुई है और मामले की जांच शुरू कर दी गई है। क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल तैनात कर दिया गया है।

प्रशासन ने पूरे प्रकरण को गंभीरता से लेते हुए आगे की कार्रवाई की तैयारी शुरू कर दी है, जबकि गांव में तनावपूर्ण शांति बनी हुई है।