

स्थान : हरिद्वार
ब्यूरो रिपोर्ट


हरिद्वार में आयोजित होने वाले कुंभ 2027 की तैयारियों को लेकर मेला प्रशासन ने अपनी सक्रियता तेज कर दी है। मेला अधिकारी सोनिका ने विभिन्न विभागों के अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक कर निर्माण और व्यवस्थाओं की प्रगति का जायजा लिया। उन्होंने सभी कार्यों को तय समयसीमा के भीतर पूरा करने के सख्त निर्देश दिए।


बैठक में मेला अधिकारी ने स्पष्ट कहा कि किसी भी प्रकार की लापरवाही या कार्यों में देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि निर्धारित समय में कार्य पूरे नहीं करने वाले अधिकारियों और एजेंसियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। साथ ही अनावश्यक और गैरजरूरी प्रस्तावों को तत्काल वापस लेने के निर्देश भी दिए गए।


समीक्षा बैठक के दौरान सड़कों के निर्माण, घाटों के विस्तार, जलापूर्ति, विद्युतीकरण और अन्य आधारभूत परियोजनाओं की विस्तार से समीक्षा की गई। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि सभी विकास कार्य गुणवत्ता के साथ तय समय पर पूरे किए जाएं ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो।


कुंभ मेले को लेकर रेलवे प्रशासन ने भी अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। रेलवे और मेला प्रशासन के बीच समन्वय स्थापित कर भीड़ प्रबंधन और ट्रैफिक व्यवस्था को लेकर विस्तृत कार्ययोजना तैयार की जा रही है। खासतौर पर प्रमुख स्नान पर्वों के दौरान श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को संभालने पर फोकस किया जा रहा है।

रेलवे की योजना के तहत हरिद्वार सहित कुल 11 रेलवे स्टेशनों को कुंभ कार्ययोजना में शामिल किया गया है। इन स्टेशनों पर यात्रियों की सुविधा, सुरक्षा और सुचारू आवागमन के लिए विशेष व्यवस्थाएं की जाएंगी। रेलवे अधिकारियों ने बताया कि स्टेशनों पर अतिरिक्त सुविधाएं विकसित करने का कार्य तेजी से चल रहा है।


प्रमुख स्नान पर्वों के दौरान श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए 15 अतिरिक्त ट्रेनों के संचालन की योजना बनाई गई है। इससे यात्रियों को आवाजाही में राहत मिलेगी और स्टेशन परिसरों में भीड़ का दबाव कम किया जा सकेगा। रेलवे प्रशासन ने कहा कि जरूरत पड़ने पर अतिरिक्त स्पेशल ट्रेनें भी चलाई जा सकती हैं।



हरिद्वार रेलवे स्टेशन पर भीड़ नियंत्रण के लिए पांच बड़े होल्डिंग एरिया बनाए जाएंगे। इनकी कुल क्षमता करीब 19 हजार श्रद्धालुओं की होगी। इन होल्डिंग एरिया के माध्यम से यात्रियों की आवाजाही को व्यवस्थित किया जाएगा ताकि किसी प्रकार की भगदड़ जैसी स्थिति उत्पन्न न हो।
आधुनिक तकनीक का उपयोग करते हुए रेलवे स्टेशनों और मेला क्षेत्र में AI कैमरों से निगरानी की व्यवस्था भी की जाएगी। इन कैमरों के जरिए भीड़ की गतिविधियों पर नजर रखी जाएगी और किसी भी आपात स्थिति में तुरंत कार्रवाई संभव हो सकेगी। प्रशासन का कहना है कि कुंभ 2027 को सुरक्षित, सुव्यवस्थित और तकनीकी रूप से सक्षम बनाने के लिए सभी तैयारियां युद्धस्तर पर जारी हैं।

