भीषण गर्मी में वन्यजीवों के लिए राहत: हरिद्वार वन विभाग ने बनाए नए वाटर हॉल

भीषण गर्मी में वन्यजीवों के लिए राहत: हरिद्वार वन विभाग ने बनाए नए वाटर हॉल

स्थान : हरिद्वार
ब्यूरो रिपोर्ट

भीषण गर्मी के चलते हरिद्वार के जंगलों में वन्यजीवों के सामने पानी का संकट गहराने लगा है। प्राकृतिक जल स्रोत और तालाब सूखने से जानवरों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

इस स्थिति को देखते हुए हरिद्वार वन विभाग ने वन्यजीवों के लिए विशेष इंतजाम किए हैं। विभाग ने जंगलों में पानी की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए व्यापक स्तर पर काम शुरू किया है।

हरिद्वार रेंज के अंतर्गत आने वाले पथरी जंगल क्षेत्र में 4 नए वाटर हॉल (छोटे तालाब) तैयार किए गए हैं। इन जल स्रोतों में नियमित रूप से पानी भरा जा रहा है, ताकि वन्यजीवों को पर्याप्त पानी मिल सके।

इसके अलावा पहले से बने 3 वाटर हॉल की मरम्मत कर उन्हें भी उपयोग के लिए तैयार किया गया है। इन सभी जल स्रोतों की लगातार मॉनिटरिंग की जा रही है, जिससे पानी की कमी न होने पाए।

वन विभाग का मुख्य उद्देश्य यह है कि वन्यजीवों को पानी की तलाश में जंगल से बाहर न आना पड़े, जिससे मानव-वन्यजीव संघर्ष की घटनाओं में भी कमी लाई जा सके।

इन वाटर हॉल में अब हाथी, गुलदार, चीतल और सांभर जैसे कई वन्यजीव अपनी प्यास बुझाते नजर आ रहे हैं। खासतौर पर हाथियों को पानी में अटखेलियां करते हुए देखा जा रहा है, जो इस पहल की सफलता को दर्शाता है।

वन विभाग की यह पहल न सिर्फ वन्यजीवों के संरक्षण में मददगार साबित हो रही है, बल्कि जंगल के पारिस्थितिकी संतुलन को बनाए रखने में भी अहम भूमिका निभा रही है।