मसूरी मार्ग पर वैली ब्रिज तैयार, जाम से राहत की उम्मीद; 12 करोड़ से नए पुल का निर्माण शुरू

मसूरी मार्ग पर वैली ब्रिज तैयार, जाम से राहत की उम्मीद; 12 करोड़ से नए पुल का निर्माण शुरू

स्थान : मसूरी
ब्यूरो रिपोर्ट

मसूरी विधानसभा क्षेत्र में पिछले वर्ष 16 सितंबर को आई भीषण आपदा का असर अभी भी देखने को मिल रहा है। इस आपदा में कई सड़कें क्षतिग्रस्त हो गई थीं और देहरादून को मसूरी से जोड़ने वाला प्रमुख पुल भी टूट गया था, जिससे आवागमन बुरी तरह प्रभावित हुआ।

आपदा के बाद लोक निर्माण विभाग (PWD) ने तत्काल राहत के तौर पर एक वैली ब्रिज बनाकर मार्ग को अस्थायी रूप से सुचारु किया था। हालांकि, पर्यटन सीजन शुरू होने के साथ ही इस मार्ग पर वाहनों का दबाव बढ़ने लगा, जिससे लगातार जाम की समस्या सामने आने लगी।

स्थानीय लोगों और पर्यटकों को घंटों जाम में फंसे रहना पड़ रहा था, जिससे परेशानी बढ़ती जा रही थी। इसी को देखते हुए लोक निर्माण विभाग ने यहां एक और वैली ब्रिज का निर्माण किया, जिसे मसूरी विधायक और कैबिनेट मंत्री द्वारा जनता को समर्पित कर दिया गया है।

इस नए वैली ब्रिज को लेकर कुछ समय से भ्रामक प्रचार भी किया जा रहा था, जिसमें इसे असुरक्षित बताया जा रहा था। इन आशंकाओं को दूर करने के लिए विभाग के अधिशासी अभियंता राजेश कुमार ने मौके पर पहुंचकर पुल का निरीक्षण किया।

निरीक्षण के बाद उन्होंने स्पष्ट किया कि लगभग 40 मीटर लंबे इस वैली ब्रिज का निर्माण सभी सुरक्षा मानकों के अनुसार किया गया है और यह पूरी तरह से आवागमन के लिए सुरक्षित है। साथ ही पुल पर हॉट मिक्स और लेन वाइज मार्किंग का कार्य भी शुरू कर दिया गया है।

उन्होंने यह भी जानकारी दी कि यहां स्थायी समाधान के रूप में नए पुल का निर्माण कार्य भी शुरू कर दिया गया है। करीब 12 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाला यह नया पुल आधुनिक सुविधाओं से लैस होगा।

लगभग 60 मीटर लंबे इस नए पुल में डबल लेन के साथ पैदल मार्ग (फुटपाथ) भी बनाया जाएगा, जिससे वाहनों और पैदल यात्रियों दोनों को सुविधा मिलेगी। विभाग ने निर्माण कार्य को चार महीने में पूरा करने का लक्ष्य रखा है।

इस नए वैली ब्रिज के शुरू होने से जहां तत्काल राहत मिलने की उम्मीद है, वहीं आगामी महीनों में स्थायी पुल के निर्माण से इस मार्ग पर यातायात व्यवस्था पूरी तरह सुचारु होने की संभावना जताई जा रही है।