चंपावत में पदोन्नति में देरी के विरोध में शिक्षकों का धरना शुरू, समय रहते समाधान न होने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी

चंपावत में पदोन्नति में देरी के विरोध में शिक्षकों का धरना शुरू, समय रहते समाधान न होने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी

स्थान – चंपावत।
रिपोर्ट – लक्ष्मण बिष्ट

चंपावत में प्रशासनिक अधिकारी पद पर पदोन्नति में लगातार हो रही देरी से नाराज मिनिस्ट्रियल कर्मचारियों ने शनिवार को शिक्षा अधिकारी कार्यालय के बाहर अनिश्चितकालीन धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया। कर्मचारियों का कहना है कि लंबे समय से पदोन्नति प्रक्रिया अटकी हुई है, जिससे कार्य प्रणाली प्रभावित हो रही है और कर्मचारियों में गहरा आक्रोश है।

धरना मिनिस्ट्री कर्मचारी संगठन के संयुक्त सचिव मिंटू राणा और फेडरेशन महामंत्री जीवन ओली के नेतृत्व में शुरू हुआ। कर्मचारियों ने बताया कि प्रशासनिक अधिकारी पद पर पदोन्नति के उपरांत पदस्थापना के लिए काउंसिलिंग की जा चुकी है, लेकिन निदेशक प्रारंभिक शिक्षा उत्तराखंड देहरादून की ओर से आदेश जारी नहीं किए जा रहे। इससे 160 प्रधान सहायकों की पदोन्नति प्रक्रिया भी अटकी हुई है।

कर्मचारियों ने कहा कि समय पर अनुमति न मिलने से उन्हें भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। संगठन ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि जल्द समाधान नहीं निकाला गया तो आंदोलन को उग्र रूप दिया जाएगा।

धरने में कैलाश नाथ महंत, प्रभाकर दीक्षित, राघवेंद्र यादव, सुरेंद्र सिंह, ललित मोहन, महेंद्र नाथ, मंजू तड़ागी, मालविका पंत, भानु प्रकाश, मनोहर लाल, विमला देवी सहित कई कर्मचारी शामिल रहे।