स्थान : बाजपुर
रिपोटर : विशेष शर्मा


बाजपुर के तेलीपुरा क्षेत्र में नहर की जमीन पर अतिक्रमण को लेकर सिंचाई विभाग ने कार्रवाई की। विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर नहर के किनारे किए गए अतिक्रमण को हटाया। कार्रवाई के बाद क्षेत्र में हलचल मच गई।


सिंचाई विभाग की टीम ने नहर की जमीन का निरीक्षण करने के बाद अतिक्रमण वाले स्थानों पर कार्रवाई की। विभाग की ओर से नहर की जमीन को अतिक्रमण से मुक्त कराने की प्रक्रिया के तहत यह अभियान चलाया गया।



विभाग की कार्रवाई को लेकर स्थानीय ग्रामीणों ने सवाल खड़े किए हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि सिंचाई विभाग की ओर से केवल नहर के एक तरफ ही अतिक्रमण हटाया गया है, जबकि दूसरी तरफ भी विभाग की जमीन पर कब्जे की स्थिति बनी हुई है।


ग्रामीणों का कहना है कि नहर के दूसरी ओर किसानों द्वारा सिंचाई विभाग की जमीन पर खेती की जा रही है। इसके बावजूद वहां अभी तक अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई नहीं की गई है। ग्रामीणों ने विभाग से सभी अतिक्रमणों के खिलाफ समान रूप से कार्रवाई करने की मांग की।


ग्रामीणों ने कहा कि यदि सिंचाई विभाग की जमीन पर अतिक्रमण हुआ है तो कार्रवाई सभी स्थानों पर एक समान होनी चाहिए। केवल एक पक्ष के खिलाफ कार्रवाई किए जाने से ग्रामीणों में नाराजगी है और इसे एकतरफा कार्रवाई बताया जा रहा है।

ग्रामीणों ने विभागीय अधिकारियों से मौके पर पूरे क्षेत्र का सर्वे कर सिंचाई विभाग की जमीन को चिन्हित करने की मांग की। उनका कहना है कि अतिक्रमण की कार्रवाई में किसी तरह का भेदभाव नहीं होना चाहिए और नियमों के अनुसार सभी के खिलाफ कार्रवाई की जानी चाहिए।




मामले को लेकर सिंचाई विभाग के एसडीओ गौरव पाठक ने बताया कि किसानों द्वारा दबाई गई सिंचाई विभाग की जमीन को चिन्हित कर लिया गया है। उन्होंने कहा कि विभाग की ओर से जमीन का निरीक्षण और चिह्नीकरण किया जा चुका है।
एसडीओ ने बताया कि चिन्हित की गई जमीन से भी जल्द अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की जाएगी। विभाग का कहना है कि सिंचाई विभाग की जमीन को अतिक्रमण मुक्त कराने के लिए नियमानुसार कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।

फिलहाल तेलीपुरा क्षेत्र में नहर की जमीन से अतिक्रमण हटाने को लेकर ग्रामीणों और सिंचाई विभाग के बीच सवाल-जवाब का दौर जारी है। अब देखना होगा कि विभाग दूसरी ओर चिन्हित की गई जमीन से अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई कब तक करता है और क्या इससे ग्रामीणों की एकतरफा कार्रवाई की शिकायत दूर हो पाती है।

