

स्थान : ऊधम सिंह नगर
ब्यूरो रिपोर्ट

शहर में वर्षों से चली आ रही जलभराव की समस्या से अब स्थायी राहत मिलने की उम्मीद जगी है। मुख्य सचिव की अध्यक्षता वाली व्यय वित्त समिति ने रुद्रपुर के मास्टर ड्रेनेज प्लान को मंजूरी दे दी है। करीब 786.73 करोड़ रुपये की लागत वाली इस विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) के स्वीकृत होने के बाद शहर की जल निकासी व्यवस्था को मजबूत करने का रास्ता साफ हो गया है।


रुद्रपुर विधायक शिव अरोरा ने प्रेस वार्ता कर बताया कि इस महत्वाकांक्षी योजना के तहत शहर में 61 नए नालों का निर्माण, 67 किलोमीटर लंबा ड्रेनेज नेटवर्क और पांच पंपिंग स्टेशन बनाए जाएंगे। उन्होंने कहा कि परियोजना पूरी होने के बाद मानसून के दौरान होने वाले जलभराव की समस्या से शहरवासियों को काफी राहत मिलेगी।


विधायक ने बताया कि योजना के प्रथम चरण में 441.79 करोड़ रुपये की लागत से निर्माण कार्य शुरू किया जाएगा। इसके बाद चरणबद्ध तरीके से पूरे शहर में जल निकासी व्यवस्था को विकसित किया जाएगा।


उन्होंने कहा कि रुद्रपुर में जलभराव की समस्या को लेकर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से कई बार मुलाकात कर स्थायी समाधान की मांग उठाई गई थी। सरकार के सहयोग से अब इस दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है।
गौरतलब है कि हल्की बारिश के बाद ही रुद्रपुर शहर के कई निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति पैदा हो जाती है। हर मानसून में लोगों को जलभराव, सड़कों पर पानी जमा होने और आवागमन में परेशानी जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ता है।


मास्टर ड्रेनेज प्लान के तहत रुद्रपुर शहर को चार जोन में विभाजित कर कार्य कराया जाएगा। प्रत्येक जोन में आवश्यकता के अनुसार ड्रेनेज सिस्टम विकसित किया जाएगा, जिससे बारिश के पानी की निकासी बेहतर तरीके से हो सके।


विधायक शिव अरोरा ने कहा कि यह परियोजना रुद्रपुर के भविष्य के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। उन्होंने उम्मीद जताई कि योजना के पूरा होने के बाद शहर को जलभराव की पुरानी समस्या से स्थायी निजात मिल सकेगी और नागरिकों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध होंगी।

