नशा मुक्ति अभियान के तहत जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन

नशा मुक्ति अभियान के तहत जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन

स्थान :जसपुर
ब्यूरो रिपोर्ट

जसपुर (उधम सिंह नगर) एसएसपी के आदेशों के अनुपालन में तथा भारतीय जनता पार्टी के जिला एवं ब्लॉक स्तर के युवा मोर्चा के सहयोग से जसपुर नगर में नशा मुक्ति अभियान के तहत एक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम काशीपुर राष्ट्रीय राजमार्ग (NH-74) पर स्थित बीएसबी इंटर कॉलेज परिसर में संपन्न हुआ।

कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में जसपुर कोतवाली प्रभारी राजेश पांडेय पहुंचे। उनके साथ नादेही पुलिस चौकी इंचार्ज संतोष देवरानी सहित पुलिस कर्मियों की टीम भी मौजूद रही। विद्यालय पहुंचने पर प्रधानाचार्य मेजर कैप्टन स्वतंत्र कुमार मिश्रा तथा विद्यालय के शिक्षकों ने मुख्य अतिथि का पुष्पगुच्छ और फूलमाला पहनाकर गर्मजोशी से स्वागत किया।

स्वागत समारोह के बाद कार्यक्रम को आगे बढ़ाते हुए पुलिस अधिकारियों ने छात्र-छात्राओं को नशे के दुष्प्रभावों के बारे में सरल और सहज भाषा में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि नशा किस प्रकार युवाओं के भविष्य को प्रभावित करता है और समाज में अपराध की जड़ को मजबूत करता है।

इसके साथ ही छात्रों को यातायात सुरक्षा नियमों के बारे में भी जागरूक किया गया। पुलिस अधिकारियों ने कहा कि सड़क सुरक्षा नियमों का पालन करना हर नागरिक की जिम्मेदारी है और इससे दुर्घटनाओं को काफी हद तक रोका जा सकता है।

कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को यह भी सलाह दी गई कि वे रोजाना अखबार पढ़ने की आदत डालें और सोशल मीडिया का सकारात्मक उपयोग करें। अधिकारियों ने कहा कि डिजिटल प्लेटफॉर्म पर केवल अच्छी और ज्ञानवर्धक बातों को ही अपनाना चाहिए और उन्हें अपने जीवन में उतारना चाहिए।

साइबर अपराधों से बचाव के लिए भी विशेष जानकारी दी गई। पुलिस ने स्पष्ट किया कि किसी भी स्थिति में अपना ओटीपी किसी के साथ साझा न करें और सोशल मीडिया पर फर्जी आईडी बनाने से बचें, क्योंकि यह कानूनन अपराध है।

इस अवसर पर यह भी बताया गया कि 18 वर्ष से कम आयु के बच्चों को मोटरसाइकिल चलाने की अनुमति नहीं है। नियमों का उल्लंघन करने पर 25,000 रुपये के जुर्माने और 6 माह तक की सजा का प्रावधान है।

अधिकारियों ने बच्चों को प्रेरित करते हुए कहा कि स्कूल और ट्यूशन जाने के लिए साइकिल का उपयोग करना अधिक सुरक्षित और बेहतर विकल्प है। इससे न केवल अनुशासन बढ़ता है बल्कि स्वास्थ्य पर भी सकारात्मक प्रभाव पड़ता है।

पुलिस ने यह भी अपील की कि यदि कोई व्यक्ति नशे का सेवन करते हुए दिखाई दे तो उसकी सूचना तुरंत 112 नंबर पर दें। सूचना देने वाले की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी।

इसके अलावा बच्चों को अपने माता-पिता, पड़ोसियों और शिक्षकों को भी ऐसी सूचनाएं देने के लिए प्रेरित किया गया ताकि समाज में नशे पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित किया जा सके।

कार्यक्रम के अंत में यह संदेश दिया गया कि यदि नशे पर नियंत्रण पा लिया जाए तो समाज के आधे अपराध स्वतः समाप्त किए जा सकते हैं, जिससे एक सुरक्षित और स्वस्थ समाज की स्थापना संभव है।