

स्थान : कालाढूंगी
ब्यूरो रिपोर्ट

कोटाबाग क्षेत्र के थपलियागांजा वन पंचायत में एक दर्दनाक घटना ने पूरे इलाके को झकझोर दिया। वन पंचायत के सरपंच के नाबालिग बेटे ने कथित तौर पर जहरीला पदार्थ खाकर आत्मघाती कदम उठा लिया, जिसके बाद उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। घटना के बाद परिजनों में भारी आक्रोश देखने को मिला।


जानकारी के अनुसार, थपलियागांजा वन पंचायत के सरपंच धन सिंह बिष्ट का 17 वर्षीय बेटा जगदीश बिष्ट कोटाबाग पॉलिटेक्निक में इलेक्ट्रॉनिक्स ट्रेड का प्रथम वर्ष का छात्र था। बुधवार सुबह करीब सात बजे उसने घर पर ही जहरीला पदार्थ खा लिया। उसकी चीख सुनकर परिजन मौके पर पहुंचे और तत्काल उसे सीएचसी कोटाबाग ले जाया गया।

प्राथमिक उपचार के बाद युवक की गंभीर हालत को देखते हुए उसे एसटीएच हल्द्वानी रेफर किया गया, लेकिन उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। इस घटना से परिवार और पूरे क्षेत्र में शोक का माहौल है।


परिजनों का आरोप है कि एक युवक लगातार जगदीश पर पैसों का दबाव बना रहा था और उसे धमकियां भी दी जा रही थीं। बताया गया कि जगदीश ने ऑनलाइन गेमिंग और कथित जुए-सट्टे में पैसे गंवा दिए थे, जिसके कारण वह मानसिक दबाव में था।
मृतक के पिता का कहना है कि मौत से पहले जगदीश ने एक युवक का नाम लेते हुए बताया था कि उसने उससे तीन हजार रुपये उधार लिए थे, जिन्हें लेकर लगातार दबाव बनाया जा रहा था। पिता ने बेटे के अंतिम बयानों की रिकॉर्डिंग भी अपने पास होने का दावा किया है।


पोस्टमार्टम के बाद गुस्साए परिजन शव को एंबुलेंस में रखकर Kaladhungi कोतवाली पहुंच गए और वहां प्रदर्शन किया। परिजनों ने आरोपी युवक की गिरफ्तारी की मांग करते हुए पुलिस को नामजद तहरीर सौंपी।


मौके पर पहुंची पुलिस ने काफी समझाने के बाद परिजनों को शांत कराया। पुलिस अधिकारियों ने मामले में कठोर कार्रवाई का आश्वासन दिया, जिसके बाद परिजन शव को घर ले गए।


पुलिस ने बताया कि मामले की जांच शुरू कर दी गई है। फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण किया है और इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों के आधार पर भी जांच की जा रही है। पुलिस के अनुसार ऑनलाइन गेमिंग, पैसों के लेनदेन और मानसिक दबाव जैसे सभी पहलुओं को गंभीरता से खंगाला जा रहा है।

