
लोकेशन : विकासनगर
ब्यरो रिपोर्ट

पछवादून क्षेत्र के विकासनगर स्थित ढकरानी इलाका इन दिनों स्टोन क्रेशरों और अवैध खनन को लेकर सुर्खियों में है। स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया है कि क्रेशर जोन के नाम पर यहां पर्यावरण और किसानों की जमीन पर बड़ा संकट खड़ा हो गया है।


ग्रामीणों के मुताबिक, क्षेत्र में क्रेशरों के संचालन से हजारों पेड़ों की कटाई हो चुकी है और सैकड़ों बीघा कृषि भूमि प्रभावित हुई है। धूल और शोर के कारण लोगों का जीवन मुश्किल हो गया है। लोगों का कहना है कि लगातार चल रहे खनन कार्यों से स्वास्थ्य पर भी बुरा असर पड़ रहा है।

यह पूरा क्षेत्र आसन कंजर्वेशन रिजर्व के दायरे में आता है, जहां सख्त पर्यावरणीय नियम और न्यायालय की गाइडलाइन लागू हैं। इसके बावजूद यहां खनन और क्रेशर संचालन जारी रहने के आरोप लगाए जा रहे हैं।


मामले ने अब सियासी रंग भी ले लिया है। नेता प्रतिपक्ष प्रीतम सिंह पहले ही सदन में अवैध खनन का मुद्दा उठा चुके हैं। वहीं, कांग्रेस नेता आशुतोष नेगी ने ढकरानी क्षेत्र का दौरा कर सरकार और स्थानीय विधायक मुन्ना सिंह चौहान पर खनन माफियाओं को संरक्षण देने के आरोप लगाए हैं।

नेगी का कहना है कि आसन कंजर्वेशन रिजर्व के 10 किलोमीटर दायरे में खनन पूरी तरह प्रतिबंधित है, इसके बावजूद यहां 15 से अधिक क्रेशर प्लांट संचालित हो रहे हैं। इससे न केवल प्रवासी पक्षियों पर खतरा मंडरा रहा है, बल्कि किसानों की खेती भी बुरी तरह प्रभावित हो रही है।
उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही इस मामले में सख्त कार्रवाई नहीं हुई, तो ग्रामीणों के साथ मिलकर बड़ा आंदोलन और धरना-प्रदर्शन किया जाएगा।



